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अमृत-2 : 112 करोड़ से बुझेगी प्यास, जीवन में आएगी मिठास

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उधमपुर। सलमेय फिलट्रेशन प्लांट पर बना पुराना जीएसआर सिस्टम।
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- सरकार की ओर से परियोजना को मिली मंजूरी, अब मात्र प्रशासनिक स्वीकृति का इंतजार
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- शहर में दूरी होगी पेयजल की किल्लत, 1,10,000 आबादी को मिलेगा लाभ
संवाद न्यूज एजेंसी
उधमपुर। शहरी इलाकों में पानी की किल्लत को दूर करने के लिए अमृत-2 परियोजना चलाई जा रही है। इसके तहत चिनैनी और रामनगर में परियोजना पर काम शुरू कर दिया गया है। काम पूरा होने के बाद शहरवासियों को पानी की कमी नहीं रहेगी और उनके जीवन में मिठास आएगी।
उधमपुर के 21 वार्डों के लिए 112.90 करोड़ की परियोजना को भी सरकार की ओर से मंजूरी दे दी गई है। अब संबंधित शहरी विकास विभाग से प्रशासनिक अनुमति का इंतजार है। इसके बाद सभी प्रक्रियाएं पूरी कर योजना का काम शुरू कर दिया जाएगा। मौजूद समय में उधमपुर जिला 61 लाख गैलन प्रतिदिन पानी की किल्लत से जूझ रहा है। लंबे समय तक रहे शुष्क मौसम और बारिश की कमी की वजह से भी जल संकट गहराने की संभावना बनी हुई है।
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जल संसाधनों में भी जल स्तर में कमी आई है। जिला उधमपुर में प्रतिदिन 84 लाख गैलन पानी की आपूर्ति होती है जबकि 145 लाख गैलन पानी की जरूरत है। जैसे-जैसे गर्मी बढ़ती जाएगी, यह समस्या गंभीर रूप धारण कर सकती है।
जल्द ही टेंडरिंग कर काम शुरू किया जाएगा
अगर सिर्फ शहरी इलाकों की बात की जाए तो चिनैनी और रामनगर की नगर पालिकाओं के अधीन पड़ते इलाकों में इन परियोजनाओं पर काम शुरू कर दिया गया है। उधमपुर नगर परिषद के अधीन 21 वार्डों के लिए 112.90 करोड़ की परियोजना तैयार की गई है। प्रशासनिक मंजूरी का इंतजार है। जिसके बाद जल्द ही टेंडरिंग कर निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। गौरतलब है कि ग्रामीण क्षेत्रों में भी पानी की किल्लत को दूर करने के लिए जल जीवन मिशन के तहत पहले से विभिन्न परियोजनाओं पर काम चल रहा है।
छह ओवरहेड टैंक का होगा निर्माण
इस परियोजना से शहर की लगभग 1,10,000 आबादी को लाभ मिलेगा। खासकर 15 सालों में बढ़ने वाली आबादी को भी मद्देनजर रखते हुए वर्ष 2040 तक 1,45000 लोगों की जरूरत को ध्यान में रखा गया है। तवी व अन्य जलस्रोतों से पानी को लिफ्ट करने सहित ग्रेविटी के माध्यम से आम आदमी के घर तक पहुंचाने का काम किया जाएगा। इसके लिए छह ओवरहेड टैंक और तीन भूमि सेवा जलाशय यानि जीएसआर का निर्माण किया जाएगा।
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पानी की खपत प्रतिदिन

जिला - 84 लाख गैलन

ग्रामीण क्षेत्र - 47 लाख गैलन
शहरी क्षेत्र - 36 लाख गैलन

पानी की जरूरत प्रतिदिन
जिला - 145 लाख गैलन

ग्रामीण - 90 लाख गैलन
शहरी - 55 लाख गैलन
कमी - 61 लाख गैलन
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जल्द ही प्रक्रिया पूरी होगी
उधमपुर शहर में अमृत-2 परियोजना को सरकार की ओर से मंजूरी दे दी गई है। प्रशासनिक मंजूरी के लिए भी उधमपुर पहुंचे जलशक्ति मंत्री से बात की गई है। उम्मीद है कि जल्द ही प्रक्रिया पूरी हो जाएगी और योजना के तहत काम शुरू होने से पानी की किल्लत को दूर करने में मदद मिलेगी।
- संदीप गुप्ता, कार्यकारी अभियंता, जल शक्ति विभाग उधमपुर
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