उधमपुर में ब्लॉक दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में मौजूद डीसी व अन्य अधिकारी। संवाद
- फोटो : UDHAMPUR
उधमपुर। ब्लॉक दिवस के तहत बुधवार को कार्यक्रम का आयोजन बीडीओ कार्यालय उधमपुर में हुआ। इस दौरान ब्लॉक उधमपुर के विभिन्न हिस्सों से पंचायत प्रतिनिधियों ने हिस्सा लेकर बिजली, पानी, सड़क, स्कूल में चहारदीवारी निर्माण करने व अन्य कई तरह की समस्याओं को डीसी कृतिका ज्योत्सना के समक्ष रखा। डीसी ने मौके पर मौजूद अधिकारियों को जन समस्याओं के समाधान के लिए दिशा निर्देश जारी किए।
कार्यक्रम में अतिरिक्त जिला विकास आयुक्त घन श्याम सिंह, डीएफओ रुशाल गर्ग, एसीडी रंजीत कोतवाल समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी शामिल हुए। इसके साथ बीडीसी अध्यक्ष बलवान सिंह, डीडीसी पूरन चंद, डीडीसी टीकरी आशु शर्मा व कई पंचायतों के सरपंच व पंच मौजूद रहे। बारी-बारी से पंचायत प्रतिनिधियों ने अपने इलाके में बिजली, पानी, सड़क व अन्य कई तरह की समस्याओं और मांगों से अधिकारियों को अवगत कराया। डीसी ने लोगों को आश्वासन दिया कि उनके सभी वास्तविक समस्याओं को समयबद्ध तरीके से हल किया जाएगा।
डीसी ने अधिकारियों को सभी पंचायतों के समान विकास के लिए समन्वय तरीके से काम करने के निर्देश दिए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे जनता की जायज मांगों को प्राथमिकता के आधार पर हल करें और लंबित मुद्दों की विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर उच्च अधिकारियों के सामने प्रस्तुत करें। डीसी ने कहा कि ब्लॉक दिवस आयोजित करने का मुख्य उद्देश्य जनता की रोजमर्रा की समस्याओं को हल करना और केंद्र प्रायोजित योजनाओं को धरातल पर लागू करना है। डीसी ने पंचायती राज संस्थाओं को इन कल्याणकारी योजनाओं को धरातल पर क्रियान्वित करने के लिए कुशलता से काम करने को कहा और सभी योजनाओं को प्रभावी ढंग से धरातल पर लागू करने को कहा।
पंचायत प्रतिनिधियों की तरफ से रखी गई मांगे व समस्याएं
पंचायत प्रतिनिधियों ने बताया कि उनके ग्रामीण इलाकों में जरूरत के अनुसार बिजली के पोल नहीं है। कई स्थानों पर पेड़ व लकड़ी के खंभों पर बिजली की तार को टांगा गया है। ज्यादातर पंचायतों में हैंडपंप खराब पड़े हैं। अगर इन हैंडपंपों की हालत को सुधार दिया जाए तो पानी की किल्लत की समस्या को दूर करने में मदद मिलेगी। सरकारी योजनाओं के लिए ग्रामीणों की जमीनों का अधिग्रहण किया गया है और आज तक उनको इसका मुआवजा नहीं मिला है। बिजली की लो वोल्टेज की समस्या से लोग परेशान हैं। जलशक्ति विभाग की क्षतिग्रस्त पाइपों के कारण हर रोज सैकड़ों गैलन पानी बेकार बह रहा है। इनकी जल्द मरम्मत करवाई जाए।