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Udhampur News: लकड़ी के खंभों पर बिजली की आपूर्ति, खतरा हर पल

Mon, 22 Apr 2024 04:32 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, उधमपुर
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जिले में पांच हजार में से 15 सौ खंभे पंचैरी और मोंगरी तहसील में
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संवाद न्यूज एजेंसी
उधमपुर। जिले की पहाड़ी तहसीलों में बिजली की आपूर्ति भगवान भरोसे है। पंचैरी, मोंगरी, चिनैनी और रामनगर तहसील के अंतर्गत करीब पांच हजार से ज्यादा लड़की के खंभों के जरिये लोगों के घरों तक बिजली की आपूर्ति की जा रही है। करीब 15 सौ खंभे पंचैरी और मोंगरी तहसील के दूरदराज क्षेत्रों में हैं, जो आए दिन हादसों को न्यौता दे रहे हैं। क्योंकि, थोड़ी सी हवा चलने पर तार टूट कर जमीन पर गिर जाने से कई मवेशी इसकी चपेट में आ जाते हैं। वहीं, कई लोग भी घायल हो चुके हैं। कई दिनों तक लोगों को बिना बिजली के रहना पड़ता है। इसका मुख्य कारण दूरदराज क्षेत्रों में लगाए गए बिजली के खंभे हैं, जहां पर बिजली कर्मचारियों का एक दम से पहुंचना मुमकिन नहीं है। इस कारण लोगों को बिजली बहाल होने का इंतजार करना पड़ता है। जिले के दूरदराज क्षेत्रों में करीब 5 हजार से ज्यादा लकड़ी के खंभों से बिजली की आपूर्ति हो रही है। इतना ही नहीं कई जगह खंभों की कमी के चलते पेड़ों से तार बांध कर काम चलाया जा रहा है, जोकि चिंताजनक है।
कलसोत, बसनोत, लाली, कुलटियार, लांदर सहित तहसील रामनगर व चनैनी के कुछ क्षेत्रों में भी लकड़ी के खंभे लगाए गए हैं जो हर पल हादसों को न्योता दे रहे हैं। हालांकि, बिजली विभाग ने इन लकड़ी के खंभों को बदलने के लिए कोरोना काल से पहले रिप्लेसमेंट रटन वूडन पोल नामक योजना बनाई थी। लेकिन, मंजूरी मिलने से पहले ही कोरोना महामारी शुरू हो गई, जिस कारण कोई कार्रवाई नहीं हुई।
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कुछ समय पहले बिजली विभाग के पास आरडीडीएस नाम नई योजना है, लेकिन उसमें लकड़ी के खंभों को बदलने का प्लान नहीं है। विभाग ने फिर से रिप्लेसमेंट रटन वूडन पोल योजना का प्रस्ताव बनाकर सरकार को भेजा है। मंजूरी मिलने के बाद आगे की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
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क्षेत्र में करीब दो हजार लकड़ी के खंभे लगाकर बिजली की आपूर्ति हो रही है। इन्हें बदलने के लिए रिप्लेसमेंट रटन वूडन पोल योजना बनाकर सरकार को भेजी है। मंजूरी मिलने के बाद लकड़ी के खंभों को बदल दिया जाएगा। इससे पहले भी यह योजना आई थी, लेकिन कोरोना के चलते काम नहीं हो पाया था। अब योजना को फिर से शुरू करने का प्रयास है।
- योग राज, इंचार्ज जेई, बिजली विभाग, पंचैरी-मोंगरी
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