मौसम का मिजाज इन दिनों बिल्कुल असामान्य चल रहा है। सीजन में पहली बार उधमपुर का न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे चला गया। जबकि दिन के समय खिली धूप से इसका अंदाजा नहीं लगाया जा सकता था कि पारा इतना नीचे गिर गया। इस बीच बारिश की एक बूंद नहीं होने से मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही है।
मंगलवार तड़के उधमपुर में पारा माइनस 0.4 डिग्री तक लुढ़क गया। ठीक इसके विपरीत दिन के समय ऐसी धूप निकली कि लोगों को इतनी ठंड का एहसास नहीं हो रहा था। अधिकतम तापमान 26.1 डिग्री दर्ज किया गया। न्यूनतम और अधिकतम तापमान का एक असामान्य फासला लोगों की सेहत और फसलों के लिए बुरा संकेत है। मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक बारिश नहीं होने से तापमान सामान्य से नीचे और कभी ऊपर चल रहा है।
मंगलवार दोपहर 12 बजे के करीब तेज धूप के कारण तापमान में हुई बढ़ातरी से गर्मी का अहसास हुआ। पर शाम के साथ ही एक बार फिर से पहाड़ों की ओर से आती हवाओं ने लोगों को कांपने पर मजबूर कर दिया। मौसम विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक सोमवार तड़के तापमान 2.1 था, जबकि मंगलवार तड़के 4 बजे यह लुढ़ककर माइनस 0.4 डिग्री तक पहुंच गया।
उधमपुर जिले में तापमान माइनस में विरले ही जाता है। हालांकि पिछले साल माइनस 0.6 डिग्री तक पारा लुढ़का था। लेकिन उससे पूर्व 1996 में न्यूनतम तापमान माइनस 2.6 डिग्री तक लुढ़का था।
मौसम विभाग की मानें तो आने वाले दिनों में पारा और गिरने की संभावना है। पर जो लोग आसमान की और आंखं लगाए हुए हैं उन्हें निराश ही होना पड़ेगा क्योंकी अगले 48 घंटों तक बारिश के कोई आसार नही है। गौरतलब है कि साल 1996 में दिसंबर माह में अब तक का जिले का सबसे कम तापमान माईन्स 2.6 दर्ज किया गया था।