शेरे कश्मीर पुलिस अकादमी में डीएसपी के 16वें बैच की हुई पासिंग आउट परेड उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने ली परेड की सलामी
उधमपुर। जम्मू-कश्मीर पुलिस में प्रोबेशनरी डीएसपी के रूप में 61 नव आरक्षकों ने निष्ठा व ईमानदारी के साथ अपने कर्तव्य का निर्वहन करने की शपथ लेकर खुद को देश के प्रति समर्पित किया। शेरे कश्मीर पुलिस एकेडमी में मुख्य अतिथि उप राज्यपाल मनोज सिन्हा ने डीएसपी के 16वें बैच की पासिंग आउट परेड में सलामी ली।
इनमें जम्मू संभाग के 46 और कश्मीर के 15 युवा शामिल थे। मुख्य अतिथि के साथ मंच पर जम्मू-कश्मीर पुलिस के डीजीपी नलिन प्रभात भी मौजूद थे। एकेडमी के मैदान में परेड का नेतृत्व प्रोबेश्नरी डीएसपी वासु अग्रवाल ने किया। उनके साथ द्यितीय कमांडर के रूप में प्रोबेशनरी डीएसपी सय्यद नजीफ उल हसन्न रहे।
उपराज्यपाल ने परेड का निरीक्षण किया। परेड में फ्लैग और बैंड की टुकड़ियां भी शामिल थीं। इसके बाद शपथ ग्रहण समारोह का आयोजन किया गया। इसमें सभी नव आरक्षक प्रोबेशनरी डीएसपी ने पूरी ईमानदारी, निष्ठा और लग्न के साथ कर्तव्य का निर्वहन करने की शपथ ली।
एकेेडमी के निदेशक एडीजीपी गरीब दास ने प्रशिक्षण की विस्तृत जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि एकेडमी में दिए जाने वाले प्रशिक्षण के बारे में जानकारी दी। इसके अलावा उन्होंने साइबर अपराध, हथियार का इस्तेमाल, बाधाओं को पार करना, घुड़सवारी, तलवारबाजी,निशानेबाजी, शारीरिक और मानसिक प्रशिक्षण पर भी प्रकाश डाला।
इंजीनियर-डॉक्टर के रूप में शिक्षित, अब डीएसपी : प्रोबेशनरी डीएसपी बने 61 युवाओं में कोई चिकित्सा में तो कोई तकनीकी क्षेत्र में कर चुका है उच्च शिक्षा हासिल। इनमें 19 एमए, एसएससी, 4 एमफिल, 2 एमटेक, 2 एलएलबी, 15 बीटेक, 7 बीई, 9 बीए, बीएससी, बीकाॅम और 3 बीडीएस की शिक्षा हासिल कर चुके हैं और अब जम्मू-कश्मीर पुलिस में डीएसपी के रूप में अपनी सेवाएं प्रदान करने को तैयार हैं। इनमें 45 पुरुष और 16 महिला प्रोबश्नरी डीएसपी शामिल थे। समारोह में उधमपुर-रियासी रेंज के डीआईजी रईस मोहम्मद भट, डीसी सलोनी राय, एसएसपी उधमपुर अमोद अशोक नागपुरे, एकेडमी के उपनिदेशक एसएसपी राजेश बाली मौजूद थे।
एक साल में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले सम्मानित : समारोह के दौरान पिछले एक साल के प्रशिक्षण में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले आरक्षकों को सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए पुरस्कृत भी किया गया। जिसमें प्रोबेशनरी डीएसपी अमित खजूरिया को बेस्ट राइडर, अरसलन खान को सर्वश्रेष्ठ निशानेबाज, चंद्रकांत को सर्वश्रेष्ठ स्पोटर्समैन, राघव चौधरी को आउटडोर गतिविधियों के लिए सर्वश्रेष्ठ, पुष्पा देवी को इंडोर गतिविधियों के लिए सर्वश्रेष्ठ पुरस्कार से सम्मानित किया गया। वहीं उपराज्यपाल ने आलराउंड बेस्ट में दूसरा स्थान हासिल करने वाले रविंद्र कुमार को डीजीपी प्रशंसा पत्र और चांदी की पट्टिका के साथ सम्मानित किया। जबकि आलराउंड गतिविधियों में पहला स्थान हासिल करने वाले पुष्पा देवी को स्वॉर्ड आॅफ आॅनर, रोलिंग ट्रॉफी और उप राज्यपाल प्रशंसा पत्र के साथ पुरस्कृत किया गया।
एलजी का दाैरा : पुराने राजमार्ग पर गड्ढों में मिट्टी व कंकरीट का मिश्रण भरकर मरम्मत
संवाद न्यूज एजेंसी
उधमपुर। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा के शेर ए कश्मीर पुलिस अकादमी उधमपुर के दौरे से ठीक पहले पुराने राजमार्ग पर बने गड्ढों को मिट्टी और कंक्रीट डालकर मरम्मत की। इस पर शहरवासियों ने कड़ी नाराजगी जाहिर की।
शहरवासियों का कहना था कि बीआरओ के अधीन पुराने राजमार्ग पर दोमेल और जखैनी इलाके में बने गड्ढे गंभीर सड़क हादसों को खुला न्योता दे रहे हैं, लेकिन कई बार मांग उठाने के बाद भी अब तक विभाग की तरफ से इसकी मरम्मत नहीं करवाई जा रही है। हर बार विभाग खानापूर्ति कर अपना पल्ला झाड़ लेता है।
मंगलवार को भी शेरे कश्मीर पुलिस अकादमी में एलजी मनोज सिन्हा का दौरा था और इसके मद्देनजर दोमेल और जखैनी इलाके में बने गड्ढों को मिट्टी और कंक्रीट के मिश्रण से भरने का काम किया गया है।
स्थानीय निवासी राज सिंह, दीपक कुमार, विनय शर्मा, विमल शर्मा व अन्य ने कहा कि नया राजमार्ग बनने के बाद पुराना राजमार्ग पुरी तरह से अनदेखी का शिकार है। इस पर खासतौर पर शहर के भीतर एमएच चौक, कैपरी, दोमेल और जखैनी इलाके में गड्ढों की भरमार है। यात्री, चालक और स्थानीय शहरवासी इसके चलते हादसों के डर से परेशान हैं। लोगों ने प्रशासन से समस्या का सही से समाधान कर लोगों को राहत दिलाने की अपील की है।
समाज के लिए कुछ कर दिखाने की चाह खींच लाई पुलिस में
संवाद न्यूज एजेंसी
उधमपुर। शेरे कश्मीर पुलिस एकेडमी में सफल प्रशिक्षण हासिल करने वाले प्रोबेशनरी डीएसपी ने अन्य क्षेत्र में उच्च शिक्षा हासिल करने के बावजूद जम्मू-कश्मीर पुलिस में अधिकारी के रूप में शामिल होने के सफर को भी
साझा किया।
उन्होंने बताया कि किस तरह वो पुलिस अधिकारी के रूप में समाज के लिए कुछ बेहतर कर सकते हैं। बेस्ट राइडर का खिताब हासिल करने वाले प्रोबेशनरी डीएसपी खजूरिया ने बताया कि मूलत वह सुंदरबनी के रहने वाले हैं और मौजूदा समय में जम्मू में रह रहे हैं।
उनके पिता जी भी पुलिस में थे, जिसके चलते उनका परवरिश और बचपन पुलिस वातावरण में ही गुजरा है। एमएससी बायोटेक्नोलॉजी की है। बचपन से ही पुलिस में शामिल होने का जुनून था और समाज के लिए कुछ बेहतर करना चाहते थे।
आलरांउड बेस्ट और उपराज्यपाल प्रशंसा पत्र हासिल करने वाली पुष्पा देवी मूलत रामबन जिले की रहने वाली हंै। अपने डीएसपी के सफर को साझा करते हुए उन्होंने सभी महिलाओं को संदेश दिया कि अगर पुलिस में भर्ती को लेकर महिलाओं को किसी तरह का संदेह है तो ऐसा नहीं है, बल्कि पूरे सम्मान और आदर के साथ प्रशिक्षण दिया जाता है और एक सम्मान भरा पेशा है।
खासकर जिसे पेश में आपकी रुचि है उसे ही अपनाएं क्योंकि उसी में आप सर्वश्रेष्ठ काम कर पाएंगे। अपनी सफलता का श्रेय हर उस व्यक्ति को देना चाहूंगी जो मेरे प्रशिक्षण, शिक्षा और परिवार से जुड़ा हुआ है।
भद्रवाह के रहने वाले प्रोबेशनरी डीएसपी दानिश जावेद का कहना था कि उन्होंने इंजीनियरिंग लाइन में शिक्षा हासिल की है। लेकिन इंजीनियरिंग के क्षेत्र में आपको को काफी सीमित रहना पड़ता है या प्राइवेट सेक्टर में या फिर सिर्फ तकनीकी क्षेत्र में लेकिन मुझे अपने समाज के प्रति कुछ करना था इसलिए मैंने पुलिस का पेशा चुना। ताकि समाज के लिए कुछ बेहतर कर सकूं। मुझे पुलिस फोर्स ज्वाइन करने पर गर्व है। ईमानदारी से कर्तव्य पूरा करुंगा।