- शहर के विकास को बार-बार पड़ रही फंड के अभाव की मार
- पार्किंग परियोजनाएं अधर में, पवेलियन की समय सीमा बढ़ाई
खास खबर का लोगो लगाएं
संवाद न्यूज एजेंसी
उधमपुर। शहर के विकास से जुड़ी मुख्य परियोजनाएं फंड के अभाव के कारण रफ्तार नहीं पकड़ पा रही हैं। इनमें मल्टी स्टोरी पार्किंग और मल्टी स्टोरी नगर परिषद पार्किंग व कांप्लेक्स का काम कई महीनों से बंद पड़ा हुआ है। जबकि स्पोटर्स स्टेडियम में भी चल रहे पवेलियन के निर्माण कार्य की निर्धारित समय अवधि को एक साल के लिए बढ़ा दिया गया है।
खिलाड़ियों को पवेलियन के लिए अभी लंबा इंतजार करना पड़ सकता है। करीब चार साल पहले शहर में दो बहुमंजिला पार्किंग बनाने की योजना को मंजूरी मिली थी लेकिन चार साल गुजर जाने के बाद भी काम पूरा नहीं हो पाया। मई 2021 में शहर में दो बहुमंजिला पार्किंग बनाने को मंजूरी दी गई थी। इसमें पहली बहुमंजिला पार्किंग करीब 17 करोड़ रुपये की लागत से नगर परिषद के पुराने कार्यालय स्थल पर बनाई जा रही है। 26 अक्टूबर 2023 को इसका काम शुरू किया गया था और 31 मार्च 2025 को इस काम को पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। लेकिन अभी तक इसका करीब 60 प्रतिशत काम ही पूरा हो पाया है।
ढाई साल देरी से शुरू हुआ दूसरी पार्किंग बनाने का काम
वहीं पुरानी थोक सब्जी मंडी में लगभग चार कनाल जमीन पर बनाए जाने वाली दूसरी बहुमंजिला पार्किंग का काम जमीन के विवाद के चलते ढाई साल की देरी के बाद शुरू हुआ था। जमीन के विवाद का मसला सुलझा कर फरवरी 2024 में इसका काम शुरू किया गया था। एक साल में अभी तक सिर्फ इसके प्लेटफॉर्म बनाने का ही आधा-अधूरा काम पूरा किया गया है। वर्तमान में काम बंद है। इसलिए इसके लिए अभी शहरवासियों को लंबा इंतजार करना पड़ेगा। जबकि दो साल के भीतर इस काम को पूरा करने का लक्ष्य रखा गया था।
250 से अधिक वाहन खड़े करने की होगी सुविधा
पुराने नगर परिषद कार्यालय के स्थान पर ग्राउंड और फर्स्ट फ्लोर पर 17 करोड़ की लागत से तैयार की जा रही बहुमंजिला पार्किंग में ग्राउंड फ्लोर पार्किंग स्थल होगा, जबकि पहली मंजिल पर शॉपिंग कांप्लेक्स और दूसरी मंजिल पर नगर परिषद का कार्यालय तैयार होगा। बाहर फ्रूट मार्किंग तैयार कर करीब 150 रेहड़ियों को लगाने को भी स्थान दिया जाएगा। वहीं 15 करोड़ की लागत से थोक सब्जी मंडी की जमीन पर बनाई जा रही तीन मंजिला पार्किंग में 150 से अधिक कारों को पार्क करने की सुविधा होगी। इन दोनों स्थानों पर करीब 250 कारों को पार्क किया जा सकेगा। जिससे शहर के बाजारों में बढ़ता वाहनों का दबाव कम होगा और शहरवासियों को रोजाना लगने वाले गंभीर जाम की समस्या से राहत मिलेगी।
पवेलियन का निर्माण 15 साल बाद भी नहीं हो सका पूरा
शहर के वार्ड एक में सुभाष स्टेडियम में पवेलियन का निर्माण कार्य 15 साल बाद भी पूरा नहीं हो सका है। हालांकि, खेल विभाग की ओर से सुभाष स्टेडियम में 5.23 करोड़ की लागत से नए पवेलियन की तीन मंजिला इमारत का निर्माण शुरू कराया गया, जहां 300 से अधिक लोगों के बैठने की क्षमता होगी। साथ ही कई अन्य सुविधाएं भी मुहैया करवाई जाएंगी। लेकिन समय पर पैसा जारी न होने की वजह से निर्माण कार्य कुछ समय के लिए बंद रहा। हालांकि पैसा जारी होने पर निर्माण कार्य फिर से जारी है परंतु निर्धारित समय सीमा को एक साल की बढ़ा दिया गया। जिसकी वजह से खिलाड़ियों को अभी ओर लंबा इंतजार करना पड़ सकता है।
पुराने पवेलियन का ढांचा 15 साल से बेकार
स्टेडियम में 2010 में पवेलियन की नवनिर्मित सीढ़ियां गिरने के बाद पवेलियन का निर्माण रोक दिया गया था। निर्माण कार्य में घटिया सामग्री के इस्तेमाल करने के संबंध में विवाद उत्पन्न हो गया था। विभाग की ओर से इसकी जांच करवाई गई। रिपोर्ट सरकार को सौंपने के बाद भी पुराने पवेलियन के अधूरे ढांचे को नहीं हटाया जा रहा है और न ही किसी तरह से उपयोग में लाया जा रहा है।
कोट...
फंड जारी न होने की वजह से बीच में कुछ दिनों के लिए स्टेडियम का काम बंद जरूर हुआ था लेकिन निर्माण कार्य पूरी रफ्तार से चल रहा है और उसकी निर्धारित समय सीमा को भी एक साल के लिए बढ़ा दिया गया है।
-
विकास डोगरा, प्रबंधक खेल स्टेडियम, खेल विभाग
पैसा जारी न होने की वजह से ठेकेदार की ओर से निर्माण कार्य बंद किए गए हैं। इसके लिए उच्चाधिकारियों को लिखा गया है। उम्मीद है निर्माण कार्य जल्द शुरू हो जाएंगे।
- विशाल सडोत्रा, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, नगर परिषद