संवाद न्यूज एजेंसी
रामनगर। रामनगर कस्बे में खिलाड़ियों के लिए खेल मैदान तो बनाया है लेकिन वहां पर खेलते समय मूलभूत सुविधा से खिलाड़ी वंचित हैं। इस मैदान में न तो पीने के पानी का कोई स्थान बना है और न ही बैठने के लिए कोई इमारत बनाई गई है, जहां पर खिलाड़ी बैठ सकें। हमेशा खुले मैदान में खिलाड़ियों को बैठने पर मजबूर होना पड़ रहा है। खिलाड़ियों ने मूलभूत सुविधा प्रधान करने की मांग की है।
कस्बे के राजा राम सिंह मैदान के अंदर बनी क्रिकेट पिच की भी खस्ता हालत है, बारिश होने के बाद पिच गीली रहती है हालांकि युवा सेवा एवं खेल विभाग की इमारत भी पास में ही बनी है लेकिन यह विभाग भी इस पिच की देखरेख नहीं कर पा रहा है।
इस समस्या से जूझने वाले खिलाड़ी गोकुल गुप्ता, एडवोकेट अनूप सिंह, आदित्य, साहिल सिंह, पंकज वर्मा, रोहित शर्मा, रंजीत सिंह, सक्षम शर्मा, अभयवीर आदि खिलाड़ियों ने कहा राजा राम सिंह मैदान के अंदर एक इनडोर स्टेडियम भी बना है लेकिन इस स्टेडियम में कई इनडोर खेल भी करवाए जाते हैं। वहां पर कुछ सुविधा होने के कारण खुले मैदान में क्रिकेट, फुटबॉल, खो-खो, दौड़ आदि खेलकूद होते हैं।
इसके बावजूद वहां पर कोई चेंजिंग रूम, पीने के पानी या बैठने तक की कोई व्यवस्था नहीं है, हालांकि इस खुले मैदान में युवा सेवा एवं खेल विभाग की ओर से कई प्रतियोगिताएं करवाई जातीं हैं लेकिन खिलाड़ियों को मूलभूत सुविधा देने के लिए संबंधित विभाग कुछ नहीं कर रहे हैं। खिलाड़ियों ने इस खेल मैदान में जल्द सुविधा प्रदान देने की मांग की है।
... इनसेट में चार कोट....
1. इस मैदान में जब कोई क्रिकेट प्रतियोगिता का आयोजन होता है तो हम सभी खिलाड़ी इस प्रतियोगिता में भाग लेते हैं। इसके बावजूद वहां पर खेलते समय विभाग की ओर से कोई सुविधा उपलब्ध नहीं है। विभाग को खिलाड़ियों की समस्या का समाधान जल्द निकालना चाहिए। - गोकुल गुप्ता, खिलाड़ी।
2. क्षेत्र में खेल मैदान तो है लेकिन बारिश होने पर क्रिकेट पिच गीली हो जाती है। तब दूसरे दिन मौसम साफ होने पर भी गीली पिच पर क्रिकेट मैच नहीं हो सकते। अगर संबंधित विभाग जल्द संज्ञान ले और खिलाड़ियों को मूलभूत सुविधा दिलाए तो वह बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं। - आदित्य, खिलाड़ी।
3. राजाराम सिंह मैदान में खिलाड़ियों के लिए कोई भी मूलभूत सुविधा उपलब्ध नहीं है। हमने कई बार विभागीय अधिकारियों से मूलभूत सुविधा प्रदान करने की मांग की लेकिन समस्या का समाधान नहीं निकला। इस कारण खिलाड़ियों की समस्या का समाधान नहीं हो सका। - एडवोकेट अनूप सिंह।
4. पढ़ने के बाद हम मैदान में क्रिकेट खेलने जाते हैं वहां पर न ही पीने के पानी का कोई स्थान बना है और न ही बैठने के लिए कोई इमारत है। खिलाड़ी धूप के बीच खुले मैदान में बैठने के लिए मजबूर होते हैं। पीने का पानी साथ लाना पड़ता है। प्रशासन और सरकार वहां सुविधा दिलाए। - अभयवीर, खिलाड़ी।