तेंदुए को मारने के लिए 30 से अधिक कर्मचारी तैनात, सोमवार रात और मंगलवार दिन भर चली सर्च, नहीं मिली सफलता
संवाद न्यूज एजेंसी
उधमपुर/चिनैनी। आदमखोर तेंदुए को मारने के लिए वाइल्ड लाइफ और फॉरेस्ट प्रोटेक्शन फोर्स की टीमें दिन रात जुटी हुई हैं। सोमवार को पूरी रात और मंगलवार को दिन भर टीमें सर्च ऑपरेशन चलाती रहीं, लेकिन कामयाबी नहीं मिली है। तेंदुआ मारे जाने तक टीमें तैनात रहेंगी। वाइल्ड लाइफ ने तेंदुए को मारने के लिए तैनात किए कर्मचारियों का रोस्टर तैयार किया है। इसी रोस्टर के हिसाब से टीमें काम करेंगी।
लद्दा, तिरछी, गंडाला, चक्खड़ व अन्य कई इलाकों में तेंदुए के आतंक के बाद वाइल्ड लाइफ ने सोमवार को तेंदुए को मारने का आदेश जारी किया था। दो बच्चों को निशाना बनाने के बाद बने माहौल के बाद ही यह निर्णय लिया गया है। तेंदुए को मारने के लिए जम्मू से एक स्पेशल टीम भी लद्दा पहुंच चुकी है। उधमपुर वाइल्ड लाइफ की टीमें पहले से ही तैनात हैं। फॉरेस्ट प्रोटेक्शन फोर्स और वाइल्ड लाइफ के 30 कर्मचारी लद्दा, तिरछी इलाके में तैनात हैं। करीब 10 पिंजरे भी लगाए गए हैं। कुछ पुलिस की टीमें भी तैनात हैं। वाइल्ड लाइफ के रेंजर राकेश शर्मा ने बताया कि तेंदुए को मारने की पूरी तैयारी कर रखी है। हमारी टीमों ने सोमवार देर रात को कई इलाकों में सर्च ऑपरेशन चलाया। इसी दौरान हमारे पास एक फोन आया, जिसमें कहा गया कि उधमपुर शहर के साथ लगते गंडाला इलाके में तेंदुआ एक घर की छत पर बैठा है। तुरंत पूरी तैयारी के साथ मौके पर पहुंचे, लेकिन तेंदुआ नहीं दिखा। सूचना पर उधमपुर पुलिस स्टेशन से भी एक टीम पहुंच गई थी। उन्होंने बताया कि अब एक रोस्टर तैयार कर कर्मचारी काम करेंगे। टीमें बारी-बारी से रोस्टर के हिसाब से तेंदुए की तलाश करेंगी। जब तक काम पूरा नहीं हो जाता है तब तक कोशिश करते रहेंगे।