रामनगर। कस्बे के बस अड्डे के समीप मुख्य बाजार की ओर जाने वाली खस्ताहाल गली की हालत से परेशान दुकानदारों ने नगर पालिका की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए खुद ही मरम्मत करवाने का फैसला किया। करीब दो वर्षों से बदहाल पड़ी गली की नगर पालिका द्वारा सुध नहीं लिए जाने के बाद दुकानदारों ने आपस में पैसे इकट्ठे किए और अपने स्तर पर गली की मरम्मत करवाई।
दुकानदार प्रतीक डोगरा, रोहित कुमार, विशाल और अजय कुमार ने बताया कि बस अड्डे के समीप मुख्य बाजार की ओर जाने वाली यह गली लंबे समय से बदहाल है। गली जगह-जगह से टूट चुकी थी और गड्ढों के कारण राहगीरों तथा दुकानदारों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। बरसात के दिनों में समस्या और गंभीर हो जाती थी।
दुकानदारों ने बताया कि बारिश होते ही बस अड्डे का पानी बहकर इसी गली से होकर गुजरता था और कई बार दुकानों के अंदर तक पहुंच जाता था। इससे दुकानदारों को अपना सामान सुरक्षित रखने में काफी दिक्कत होती थी।
उन्होंने कहा कि समस्या को लेकर नगर पालिका से गली की मरम्मत करवाने की मांग की गई, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। आखिरकार दुकानदारों ने एकजुट होकर आपस में पैसे इकट्ठे किए और गली की मरम्मत का काम अपने स्तर पर करवाया।
दुकानदारों ने नगर पालिका पर निशाना साधते हुए कहा कि बाजार क्षेत्र की मूलभूत सुविधाओं की जिम्मेदारी नगर पालिका की है। इसके बावजूद दुकानदारों को अपनी जेब से पैसा खर्च कर गली की मरम्मत करवानी पड़ रही है। उन्होंने मांग की कि गली की स्थायी मरम्मत करवाई जाए, ताकि हर बरसात में दुकानदारों को परेशानी न झेलनी पड़े।