उधमपुर। कोरोना संकट के कारण इस बार रविवार को शहर में बुराई पर अच्छाई का प्रतीक दशहरा पर्व का आयोजन नहीं होगा। इस बार न तो शोभा यात्रा निकाली जाएगी और न ही पुतलों को जलाया जाएगा। दशहरा उत्सव कमेटी का कहना है कि दशहरा उत्सव आयोजन करने का एक कारण पुतले बनाने के लिए कारीगरों का न पहुंचना है।
दशहरा उत्सव कमेटी की तरफ से हर वर्ष दशहरा का हर्ष व उल्लास के साथ मनाया जाता है। इसको लेकर शाम के समय चबूतरा बाजार से भव्य शोभा यात्रा का आयोजन किया जाता है। शहर के विभिन्न हिस्सों से होकर शोभा यात्रा सुभाष स्टेडियम में पहुंचती है और फिर रावण, कुंभकर्ण और मेघनाथ के पुतले जलाए जाते हैं। लेकिन इस बार कोरोना संकट के कारण यह सब संभव नहीं हो सका। दशहरा उत्सव कमेटी के प्रधान सत सल्लन ने बताया कि करीब दो सप्ताह पहले ही दशहरा उत्सव कमेटी ने बैठक का आयोजन कर दशहरा उत्सव को लेकर चर्चा की और फिर अंत में सभी ने निर्णय लिया कि इस बार दशहरा उत्सव का आयोजन नहीं किया जाएगा। इसका एक कारण पुतले तैयार करने वाले कारीगरों का जम्मू-कश्मीर में न पहुंचना है। हर वर्ष बाहरी राज्यों से कारीगर जम्मू पहुंच कर पुतले तैयार करते थे और फिर यह पुतले उधमपुर पहुंचाए जाते थे। 2021 में हालात सामान्य होने पर दशहरा पर्व धूमधाम के साथ मनाया जाएगा।