उधमपुर। रामनगर के विधायक डॉ. सुनील भारद्वाज ने बुधवार को विधानसभा में सरकार से आग्रह किया कि जम्मू विश्वविद्यालय के सभी ऑफ-साइट परिसरों, विशेष रूप से रामनगर कैंपस के लिए एक स्थायी रेक्टर पद सहित पर्याप्त शिक्षकीय एवं गैर-शिक्षकीय पदों को तुरंत स्वीकृति प्रदान की जाए। सरकार ने सदन में स्वीकार किया कि ये पद अभी तक स्वीकृत नहीं किए गए हैं और पिछले लगभग दो दशकों से परिसर अस्थायी व्यवस्थाओं के सहारे संचालित हो रहे हैं। डॉ. भारद्वाज ने कहा कि इस स्थिति के कारण शैक्षणिक एवं व्यावसायिक विकास में ठहराव आया है तथा पर्वतीय एवं दुर्गम क्षेत्रों के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा प्रदान करने के उद्देश्य को आघात पहुंचा है। सेंसस ऑफ इंडिया के 2011 के आंकड़ों का हवाला देते हुए डॉ. भारद्वाज ने सदन को अवगत कराया कि रामनगर की कुल साक्षरता दर 62 प्रतिशत है, जो राष्ट्रीय औसत 80 प्रतिशत से काफी कम है जबकि महिला साक्षरता दर मात्र 45 प्रतिशत है। उन्होंने कहा, इस अंतर को पाटने और गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा सुनिश्चित करने के लिए रामनगर परिसर सहित सभी ऑफ-साइट परिसरों में कम से कम एक रेक्टर पद तथा न्यूनतम दस फैकल्टी पदों की स्वीकृति अनिवार्य है। इन संस्थानों को सशक्त बनाने से विशेषकर महिलाओं सहित युवाओं को सशक्तिकरण मिलेगा और क्षेत्र के सामाजिक-आर्थिक विकास को गति मिलेगी। इस विषय पर शिक्षा मंत्री सकीना इत्तू ने सदन को आश्वस्त किया कि प्रस्ताव पर गंभीरतापूर्वक विचार किया जा रहा है तथा रामनगर परिसर में आवश्यक फैकल्टी पदों की स्वीकृति एवं नए विषयों की शुरुआत शीघ्र की जाएगी।