उधमपुर। कोरोना कर्फ्यू शनिवार को सख्ती के साथ जारी रहा। रोजाना कुछ समय के लिए खुल रहीं दूध व फल-सब्जी की दुकानों को खोलने की इजाजत नहीं दी गई। दवा दुकानों को भी दो बजे बंद करवा दिया गया। इसके बाद बाजारों में सन्नाटा पसरा रहा। सुरक्षाकर्मी, प्रशासनिक अधिकारी और सिविल डिफेंस के स्वयंसेवक पूरी तरह से मुस्तैद रहे।
किसी भी व्यक्ति को बेवजह आवगमन की अनुमति नहीं दी गई। जो कोई भी बिना अनुमति के घूमता नजर आया, उससे पूछताछ के बाद लौटा दिया गया। हिदायत दी गई कि कोरोना कर्फ्यू लोगों की हिफाजत के लिए है इसका उचित पालन कर अपना व परिवार की सुरक्षा करें। हालांकि इससे पहले सुबह 10 बजे तक दूध व फल-सब्जी की दुकानों को खोलने की अनुमति दी जा रही थी, लेकिन शनिवार को इन्हें भी पूरी तरह से बंद रखा गया।
गौरतलब है कि कोरोना संक्रमण बढ़ने के बाद सात मई शाम सात बजे से जिला में कोरोना कर्फ्यू लागू किया गया है, जिसे 24 तक बढ़ाया गया है। इस दौरान किसी को भी अत्याधिक जरूरी कारण के बिना बाहर नहीं निकलने दिया जा रहा है। इसके लागू होते ही पहले दिन से ही पूरा शहर पुलिस छावनी में तब्दील है। लगातार 15 दिन से पाबंदियां लागू हैं। चप्पे-चप्पे पर पुलिस कर्मी तैनात हैं। शहर के विभिन्न हिस्सों में नाके लगाए गए हैं, जहां लगातार लोगों से पूछताछ की जा रही है। बिना किसी कारण बाहर निकलने वाले लोगों को समझाने के साथ चेतावनी भी दी जा रही थी। कर्फ्यू के चलते लगातार शहर की सड़कों पर सन्नाटा पसरा हुआ है। सुभाष चौक, सलाथिया चौक, गोल मार्केट, वीनस चौक, एमएच चौक व विभिन्न हिस्सों में लगाए नाकों पर पुलिस के कर्मी हर रोज वाहन को रोक कर पूछताछ करते नजर आ रहे हैं।