श्रीनगर। विधानसभा की विशेषाधिकार समिति की बैठक वीरवार को विधानसभा सचिवालय में विधायक न्यायमूर्ति (सेवानिवृत्त) हसनैन मसूदी की अध्यक्षता में हुई। इस दौरान विधायकों के विशेषाधिकारों की सुरक्षा पर जोर दिया गया।
बैठक में विधायक शौकत हुसैन गनी, खुर्शीद अहमद, जफर अली खटाना, विजय कुमार, राजीव कुमार के साथ-साथ विधानसभा सचिवालय के अधिकारी मौजूद रहे। अध्यक्ष ने विशेषाधिकार समिति के महत्व पर प्रकाश डालते हुए इसे सदन की एक महत्वपूर्ण समिति बताया जिसे विधानसभा सदस्यों के विशेषाधिकारों, गरिमा और अधिकार की रक्षा का दायित्व सौंपा गया है। उन्होंने समिति के समक्ष लंबित मामलों के शीघ्र निपटारे की जरूरत पर जोर दिया।
उन्होंने सदन के विशेषाधिकारों को बनाए रखने में इसकी भूमिका को मजबूत करने के महत्व को रेखांकित किया। उन्होंने समिति की प्रभावशीलता और कामकाज में सुधार के लिए बहुमूल्य सुझाव भी दिए। समिति ने मुख्य सचिव को विधानसभा सदस्यों के विशेषाधिकारों का सख्ती से पालन और सुरक्षा सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। इसने जोर दिया कि किसी विधायक के विशेषाधिकार का कोई भी उल्लंघन गंभीरता से देखा जाएगा और ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए जरूरी कदम उठाए जाएंगे।
समिति ने उसे भेजे गए तीन विशेषाधिकार प्रस्तावों को भी लिया और सभी मामलों में नोटिस जारी किए। संबंधित अधिकारियों को मामलों की जांच और निपटारे के लिए 8 जुलाई को निर्धारित अगली बैठक में समिति के समक्ष उपस्थित रहने का निर्देश दिया गया है। बैठक का समापन सदन के विशेषाधिकारों की रक्षा और सभी लंबित मामलों के तुरंत समाधान के लिए समिति की प्रतिबद्धता की पुष्टि के साथ हुआ।