- जम्मू-कश्मीर से 4,692 जायरीन हज करेंगे, 12 ने स्वास्थ्य कारणों से यात्रा रद्द की
अमर उजाला ब्यूरो
श्रीनगर। ग्रीष्मकालीन राजधानी श्रीनगर से हज 2026 के लिए जाने वाली उड़ानों का सिलसिला पूरा हो गया। इसके साथ ही एक सुनियोजित और सुचारु प्रक्रिया संपन्न हो गई जिसके तहत हजारों जायरीन इस पवित्र यात्रा के लिए रवाना हुए।
जम्मू कश्मीर हज कमेटी के कार्यकारी अधिकारी डॉ. शुजात अहमद ने बताया कि श्रीनगर हज प्रस्थान केंद्र से कुल 3,952 तीर्थयात्री 28 उड़ानों के जरिए मदीना के लिए रवाना हुए। रवाना होने वाले तीर्थयात्रियों में 2,201 पुरुष और 1,751 महिलाएं शामिल थीं जबकि इस साल हज करने के लिए जम्मू-कश्मीर से निर्धारित जायरीन की कुल संख्या 4,692 है।
डॉ. शुजात ने कहा कि बाकी तीर्थयात्री दिल्ली और मुंबई के प्रस्थान केंद्रों का इस्तेमाल कर रहे हैं और साथ ही बताया कि 12 जायरीन को स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के कारण आखिरी चरण में अपनी यात्रा रद्द करनी पड़ी।
श्रीनगर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे ने हज अभियानों के सफल समापन की पुष्टि करते हुए बताया कि 3,952 जायरीन को ले जाने वाली सभी 28 उड़ानें कई एजेंसियों के आपसी तालमेल वाले प्रयासों के तहत सुचारू रूप से रवाना हुईं। अधिकारियों ने जायरीन के लिए एक सुरक्षित और आध्यात्मिक रूप से संतोषजनक यात्रा की प्रार्थनाएं और शुभकामनाएं दीं, साथ ही निर्बाध संचालन सुनिश्चित करने के लिए सभी संबंधित पक्षों और कर्मचारियों का आभार व्यक्त किया।
श्रीनगर से हज के लिए प्रस्थान की प्रक्रिया 18 अप्रैल को शुरू हुई थी। इससे पहले, भारतीय हज कमेटी के सीईओ शहनवाज सी ने व्यवस्थाओं की समीक्षा की थी। उन्होंने हज हाउस बेमिना और हवाई अड्डे पर सुविधाओं का निरीक्षण किया और अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे सुचारू, स्वच्छ और तीर्थयात्री-अनुकूल सेवाएं सुनिश्चित करें।