-100 दिवसीय नशा मुक्त कुलगाम अभियान : उपराज्यपाल के नेतृत्व में जिले में बड़े पैमाने पर फैलाई जागरूकता, 363 पीड़ितों के पुनर्वास के साथ पूरा हुआ अभियान
अमर उजाला ब्यूरो
श्रीनगर। जिला प्रशासन कुलगाम ने पुलिस के समन्वय से मंगलवार को 100 दिवसीय नशा मुक्त भारत अभियान की प्रदर्शन रिपोर्ट जारी की।अभियान के तहत 3.31 लाख से अधिक लोगों तक पहुंच बनाई गई, 96 नशा तस्करों को गिरफ्तार किया गया। इस दौरान 9.45 करोड़ की नशा संपत्तियां जब्त की गईं।
पुलिस प्रवक्ता की ओर से जारी बयान के अनुसार 11 अप्रैल से 20 जुलाई 2026 तक चले इस अभियान के सफल समापन पर जारी रिपोर्ट में अभियान के तीन मुख्य स्तंभों मांग में कमी, आपूर्ति में कमी और पुनर्वास पर ध्यान केंद्रित किया गया। यह अभियान उपराज्यपाल मनोज सिन्हा के मार्गदर्शन में शुरू किया गया था। इस समयावधि में 363 व्यक्तियों को संरचित पुनर्वास प्रक्रिया से जोड़ा गया।
जागरूकता अभियान के तहत जिले की सभी 178 ग्राम पंचायतों में विशेष ग्राम सभाओं का आयोजन किया गया जिनमें 29,876 लोग शामिल हुए। 598 स्कूलों में चार-स्तरीय प्रतियोगिताओं का आयोजन हुआ। खेल प्रतियोगिताओं में 48,996 युवाओं ने भाग लिया जिसमें मेगा मैराथन (4,268 धावक) और योग कार्यक्रम (7,653 प्रतिभागी) शामिल थे। इस अभियान का प्रमुख आकर्षण 1 जून 2026 को कुलगाम शहर में उपराज्यपाल के नेतृत्व में निकाली गई मेगा पदयात्रा रही। इसके अलावा 431 रैलियां, 26 सार्वजनिक स्थानों पर वॉल पेंटिंग, धर्मगुरुओं और व्यापारियों का संवेदीकरण, और 2,589 पौधे लगाने का अभियान चलाया गया जिससे कुल जागरूकता पहुंच 3,31,790 से अधिक लोगों तक पहुँची।
सख्त प्रवर्तन कार्रवाई के तहत एनडीपीएस अधिनियम के तहत 85 एफआईआर दर्ज की गईं। 57.964 किलो प्रतिबंधित पदार्थ जब्त किया गया। इसके साथ ही 13,700 की ड्रग मनी बरामद की गई। कार्रवाई के दौरान 10 मामलों में 5.78 करोड़ मूल्य की 11 संपत्तियों को कुर्क किया गया और 3.67 करोड़ मूल्य के 8 अवैध ढांचों को ध्वस्त किया गया। कुल मिलाकर लगभग 9.45 करोड़ की संपत्तियों पर कार्रवाई की गई। अफीम (25 मरला) और जंगली भांग (57 कनाल 3 मरला) की अवैध खेती को नष्ट किया गया, 28 कनाल सरकारी जमीन को वापस लिया गया और जमाबंदी में 11 रेड एंट्री दर्ज की गईं।
अधिकारियों ने 34 ड्राइविंग लाइसेंस और 22 वाहनों के आरसी रद्द किए, 387 बैंक खातों को फ्रीज किया, 23 नारको-कासो ऑपरेशन चलाए और 235 मेडिकल दुकानों का निरीक्षण किया। इनमें 27 लाइसेंस निलंबित किए गए। पुनर्वास प्रयास जिला अस्पताल कुलगाम के व्यसन उपचार केंद्र (एटीएफ) में अब तक 2,141 मरीज पंजीकृत किए जा चुके हैं जिनमें से 2,019 का दवाइयों से इलाज चल रहा है और 10,567 परामर्श सत्र आयोजित किए गए हैं।