राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) की अध्यक्ष विजया रहाटकर ने बताया कि आयोग देश के सभी केंद्र शासित प्रदेशों में अपने कार्यालय खोलने की योजना पर काम कर रहा है और इसके लिए गृह मंत्रालय की मंजूरी का इंतजार है।
राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) की अध्यक्ष विजया रहाटकर ने मंगलवार को बताया कि आयोग देश के सभी केंद्र शासित प्रदेशों में अपने कार्यालय खोलने की योजना पर काम कर रहा है और इसके लिए गृह मंत्रालय से अनुमति का इंतजार किया जा रहा है।
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श्रीनगर में पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि वर्तमान व्यवस्था के तहत जम्मू-कश्मीर सहित सभी केंद्र शासित प्रदेश एनसीडब्ल्यू के अंतर्गत आते हैं, इसलिए अलग राज्य महिला आयोग की आवश्यकता नहीं है। हालांकि उन्होंने माना कि क्षेत्र में महिलाओं की शिकायतों के निपटारे के लिए स्थानीय स्तर पर व्यवस्था होना मददगार हो सकता है।
उन्होंने बताया कि एनसीडब्ल्यू लगातार जम्मू-कश्मीर में सार्वजनिक सुनवाई (पब्लिक हियरिंग) कर रहा है ताकि महिलाओं की शिकायतों को सुना और उनका समाधान किया जा सके। उन्होंने कहा कि आयोग आगे भी नियमित रूप से यहां आकर महिलाओं की समस्याएं सुनेगा और उनके निपटारे के लिए काम करेगा। इसके अलावा एनसीडब्ल्यू प्रमुख ने गुजरात के मोरबी में सामने आए यौन शोषण मामले का संज्ञान लेते हुए कहा कि आयोग ने इस पर स्वतः संज्ञान लिया है और इसे गंभीरता से लिया जा रहा है।