श्योक नदी पर भारतीय सेना ने बेली ब्रिज स्थापित किया, स्रोत – सोशल मीडिया
लेह। सेना ने नुब्रा घाटी में श्योक नदी पर एक बेली ब्रिज का निर्माण किया है जिससे दिस्कित को बर्मा गांव से जोड़ा गया है। इससे सियाचिन क्षेत्र के लोगों के लिए संपर्क व्यवस्था में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। यह पुल विशेष रूप से शीतकाल के दौरान लगभग 30 दूरस्थ गांवों के लिए अत्यंत लाभकारी सिद्ध होगा।
इससे पहले स्थानीय निवासियों को उप-मंडलीय मुख्यालय तक पहुंचने के लिए लगभग 100 किलोमीटर की दूरी तय करनी पड़ती थी। पुल के निर्माण के बाद यह दूरी घटकर मात्र 20 किलोमीटर रह गई है, जिससे आवश्यक सेवाओं, प्रशासनिक कार्यों और आपातकालीन सुविधाओं तक त्वरित पहुंच सुनिश्चित हुई है।
इस पुल का उद्घाटन सियाचिन ब्रिगेड, परतापुर, नुब्रा के कमांडर ब्रिगेडियर वी.एस. सलारिया द्वारा सेना के अधिकारियों, गांव प्रतिनिधियों और स्थानीय नागरिकों की उपस्थिति में किया गया। यह परियोजना सीमावर्ती और उच्च हिमालयी क्षेत्रों में रहने वाले लोगों के प्रति भारतीय सेना की निरंतर मानवीय सहायता और प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
स्थानीय निवासियों ने इस महत्वपूर्ण सुविधा के लिए भारतीय सेना के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त किया। विशेष रूप से पूर्व सांसद जाम्यांग त्सेरिंग नामग्याल का धन्यवाद किया गया, जिन्होंने 14 कोर के जनरल ऑफिसर कमांडिंग से पुल स्थापना के लिए अनुरोध किया था।
लोगों ने इस अवसर पर नुब्रा भाजपा जिला अध्यक्ष त्सेरिंग संडुप, पूर्व पार्षद टिगर रिगज़ेन लुंडुप, उपायुक्त लेह, एसडीएम नुब्रा तथा आर एंड बी विभाग नुब्रा उप-मंडल के सहयोग के लिए भी आभार व्यक्त किया।