अधिकारियों के अनुसार गिरफ्तार आरोपी की पहचान बडगाम जिले के चरार-ए-शरीफ निवासी जुनैद-उल-इस्लाम के रूप में हुई है। उसके खिलाफ आरपीसी की धारा 420 के तहत मामला दर्ज था और वह पिछले करीब एक साल से गिरफ्तारी से बच रहा था।
ईओडब्ल्यू के प्रवक्ता ने बताया कि आरोपी को बेंगलुरु के मंगम्मनापाल्या इलाके से गिरफ्तार किया गया। यह कार्रवाई श्रीनगर की चौथी अतिरिक्त मुंसिफ न्यायिक मजिस्ट्रेट अदालत की ओर से जारी गिरफ्तारी वारंट के आधार पर की गई।
ई-कॉमर्स कंपनी से जुड़ा होने का दावा
जांच में प्रथम दृष्टया आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी और वित्तीय अनियमितता के आरोप सामने आए हैं। जांच एजेंसी के मुताबिक आरोपी ने कथित तौर पर खुद को एक ई-कॉमर्स कंपनी से जुड़े निवेशक के रूप में पेश किया और लोगों को हर महीने 10 प्रतिशत रिटर्न देने का भरोसा दिलाया।
आरोप है कि उसने कई लोगों से अलग-अलग बैंक खातों के जरिए करीब 2 करोड़ जमा कराए। रकम मिलने के बाद उसने अपने वादे पूरे नहीं किए और लोगों के संपर्क से बाहर हो गया। क्राइम ब्रांच की आर्थिक अपराध शाखा मामले की आगे जांच कर रही है।