लेह। लद्दाख के लोगों ने तथागत भगवान बुद्ध के पवित्र अवशेषों को भावुक विदाई दी। 14 दिवसीय ऐतिहासिक दर्शन कार्यक्रम के समापन के बाद पवित्र अवशेष केंद्र शासित प्रदेश से रवाना हुए। इस आध्यात्मिक आयोजन के समापन अवसर पर लेह हवाई अड्डे पर औपचारिक गार्ड ऑफ ऑनर भी आयोजित किया गया।
दो सप्ताह तक चले इस पवित्र दर्शन कार्यक्रम के दौरान पूरे लद्दाख में श्रद्धा, करुणा और आध्यात्मिक जागृति का वातावरण देखने को मिला। मठों और दूरदराज के गांवों से लेकर व्यस्त बाजारों और पर्वतीय क्षेत्रों तक समाज के हर वर्ग के लोग बड़ी संख्या में पवित्र अवशेषों के दर्शन करने पहुंचे। पवित्र अवशेषों ने लोगों के बीच सद्भाव, भाईचारा और करुणा का सशक्त संदेश प्रसारित किया।