श्रीनगर। जनजातीय मामलों के विभाग (डीओटीए) जम्मू-कश्मीर ने केंद्र शासित प्रदेश में खानाबदोश जनजाति के लिए पहली बार जनजातीय प्रवासी सर्वेक्षण किया। साथ ही जम्मू से इन खानाबदोश परिवारों के परिवहन के लिए 200 वाहन भी प्रदान किए। यह बात नोडल अधिकारी समन्वयक जावेद अहमद पर्रे ने सरकारी महिला कॉलेज एमए रोड श्रीनगर में आयोजित एक दिवसीय जागरूकता शिविर सह प्रशिक्षण संगोष्ठी में कही।
उन्होंने कहा कि विभाग ने सभी 30 छात्रावासों को चालू कर दिया है और मार्च 2023 के अंत तक 25 और छात्रावासों को चालू कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि विभाग जम्मू-कश्मीर केंद्रशासित प्रदेश के प्रत्येक जिले में एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालय (ईएमआरएस) खोलेगा। इन बोर्डिंग स्कूलों में पहली से 12वीं तक के छात्र 100 प्रतिशत सरकारी खर्च पर शिक्षा सुविधाओं का लाभ उठा सकते हैं। उन्होंने कहा कि वर्तमान में यूटी में 5 ईएमआरएस स्थापित किए गए हैं।