श्रीनगर। लश्कर-ए-ताइबा के नए आतंकी संगठन द रजिस्टेंस फ्रंट (टीआरएफ) के मददगार पर लगाया गया पीएसए बरकरार रहेगा। जिला मजिस्ट्रेट के आदेश को चुनौती देने वाली याचिका को हाईकोर्ट ने खारिज कर दिया। जम्मू-कश्मीर और लद्दाख हाईकोर्ट में न्यायाधीश सिंधु शर्मा ने कहा कि बंदी बनाने का आदेश जारी करने वाली अथॉरिटी जिला मजिस्ट्रेट अदालत का विकल्प नहीं है, लेकिन आम लोगाें के जीवन और संपत्ति की रक्षा करना सरकार का दायित्व है। ऐसे में एहतियाती व्यवस्था बनाना जरूरी है।
टीआरएफ के मददगार फहीम सुल्तान गोजरी निवासी कादल श्रीनगर पर जिला उपायुक्त श्रीनगर ने 20 अक्तूबर 2021 को पीएसए लगाया था। गोजरी ने जिला मजिस्ट्रेट के आदेश को चुनौती देकर पीएसए रद्द करने की मांग की थी।