श्रीनगर। दक्षिण कश्मीर के पुलवामा जिले के गंगू इलाके में जम्मू-कश्मीर पुलिस और सीआरपीएफ की संयुक्त नाका पार्टी पर किए गए हमले की जिम्मेदारी पीपुल्स एंटी फासिस्ट फ्रंट (पीएएफएफ) ने ली है। इस संबंधी एक ऑडियो मैसेज भी जारी किया गया है। लग रहा है कि इसमें हमले को अंजाम देने वाले आतंकवादी की अपने हैंडलर के साथ की गई बातचीत है। बता दें कि इस हमले में सीआरपीएफ के एक असिस्टेंट सब इंस्पेक्टर विनोद कुमार शहीद हो गए थे।
सॉइल मीडिया पर वायरल 1 मिनट 36 सेकेंड का यह ऑडियो संदेश कश्मीरी भाषा में है जिसमें हमले को अंजाम देने वाला आतंकवादी अपने हैंडलर से कह रहा है, अस्सलाम वालेकुम भाईजान ठीक हैं आप, आप से राब्ता उस समय कायम करने का मौका नहीं मिल पाया क्योंकि उस समय हालात खराब थे। हमने जिस जगह की रेकी की थी जब हम कल वहां पहुंचे तो सुरक्षाबल वहां पर नहीं थे। उससे थोड़ी दूरी पर खड़े थे। फिर हमें बागीचों के बीच से गुजरते हुए वहां तक जाना पड़ा। बगीचों में घास काफी थी, जिसकी मदद से हम उनके नजदीक तक पहुंच पाए। यह चार आदमी थे। एक खड़ा था जबकि बाकी नीचे बैठे थे। मैंने उन पर फायर खोला जो खड़ा था वो वहीं नीचे गिर गया जबकि बाकियों ने भागने की कोशिश की। हमने उन पर भी फायर किया। करीब 10-15 मिनट के दौरान 2, 3 मैगजीन खाली कर दिए।
ऑडियो में आतंकवादी आगे यह कह रहा है कि हमें यह नहीं पता चल पाया कि उनका कितना नुकसान हुआ है। वहां से भागते समय हमने यह जानने की कोशिश की थी लेकिन उस समय हमें लगा कि हम खतरे में पड़ सकते हैं। इसलिए हम वहां से अपने ठिकाने पर सुरक्षित पहुंच गए।