पहलगाम आतंकी हमले के बाद कश्मीर घाटी में पर्यटन कारोबार को भारी झटका लगा है। हालात को सामान्य करने और पर्यटकों का भरोसा फिर से जीतने के लिए स्थानीय पर्यटन कारोबारी और प्रशासन दोनों प्रयासरत हैं। होटल मालिकों से लेकर टूर ऑपरेटर तक सोशल मीडिया के जरिए देश-दुनिया को यह संदेश देने की कोशिश कर रहे हैं कि कश्मीर अब भी एक सुरक्षित, खूबसूरत और मेहमाननवाजी से भरपूर जगह है।
सोशल मीडिया के जरिए बदल रही है घाटी की छवि
फेसबुक, इंस्टाग्राम जैसे प्लेटफॉर्म पर अब लगातार ऐसे वीडियो अपलोड किए जा रहे हैं। इनमें एयरपोर्ट पर पर्यटकों का फूलों से स्वागत, होटलों में विशेष व्यवस्था और विदाई के दौरान मिले पॉजिटिव अनुभव साझा किए जा रहे हैं।
इन वीडियो का मकसद साफ है कश्मीर को लेकर फैली नकारात्मक धारणा को तोड़ना और पर्यटकों को लौटने के लिए प्रेरित करना।कश्मीर एक्सप्रेस नामक कंपनी के मोहम्मद दावूद ने बताया कि 2014 से हमारा यही प्रयास रहा है कि हम कश्मीर की खूबसूरती और सकारात्मकता को दुनिया के सामने रखें। पहलगाम घटना के बाद जो भय का माहौल बना, उसे बदलने के लिए सोशल मीडिया सबसे प्रभावी माध्यम है। उन्होंने कहा कि अब पर्यटकों की आवाजाही फिर शुरू हो गई है और रोजाना 10–15 क्वारियां कश्मीर ट्रिप से जुड़ी आ रही हैं।
'चलो कश्मीर' अभियान में अभिनेता अतुल कुलकर्णी का समर्थन
वहीं, एक अन्य टूर ऑपरेटर गुलाम मुस्तफा ने कहा कि आज का सोशल मीडिया का दौर है और इससे जाने वाला संदेश बहुत असर करता है। सरकार को भी इसमें भागीदारी निभानी चाहिए। मुख्यमंत्री खुद पहलगाम और गुलमर्ग जाकर प्रमोशन कर रहे हैं, लेकिन एक डेडिकेटेड पोर्टल या हेल्पलाइन की जरूरत है, जिससे पर्यटक सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा की जानकारी प्राप्त कर सकें।
पर्यटन विभाग भी घाटी में रौनक लौटाने की कोशिश में जुटा है। हाल ही में अभिनेता अतुल कुलकर्णी ने चलो कश्मीर अभियान के तहत पहलगाम और श्रीनगर का दौरा किया। इस अभियान का उद्देश्य घाटी में पर्यटन को बढ़ावा देना और पर्यटकों को बड़ी संख्या में आकर्षित करना है।