डीसी बारामुला ने दिया समयबद्ध कार्रवाई का भरोसा, कहा-औद्योगिक विकास से ही मजबूत होगी स्थानीय अर्थव्यवस्था
संवाद न्यूज् एजेंसी
बारामुला। उत्तरी कश्मीर के बारामुला जिले के सोपोर औद्योगिक क्षेत्र के उद्योगपतियों ने बारामुला के उपायुक्त के समक्ष स्वच्छता, जल निकासी और सुरक्षा बुनियादी ढांचे से जुड़ी गंभीर कमियों को लेकर चिंता जताई। उपायुक्त ने उद्योगपतियों की इन सभी समस्याओं को गंभीरता से सुना और उन्हें तय समय सीमा के भीतर हल करने का ठोस भरोसा दिया।
उपायुक्त एसएफ हामिद ने 80 कनाल से अधिक भूमि में फैले सोपोर इंडस्ट्रियल एस्टेट का जमीनी दौरा किया। इस दौरान उन्होंने औद्योगिक इकाई धारकों और विभिन्न व्यापारिक प्रतिनिधियों के साथ समीक्षा बैठक की जिसका उद्देश्य औद्योगिक क्षेत्र के कामकाज का आकलन करना और इसकी विकास संबंधी आवश्यकताओं पर चर्चा करना था।
इस सीधे संवाद के दौरान उद्योगपतियों ने औद्योगिक क्षेत्र में स्वच्छता की कमी, लचर जल निकासी प्रणाली और परिसर को सुरक्षित करने के लिए उचित बाड़ लगाने की तत्काल आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने जिला प्रशासन से अपील की कि इन बुनियादी ढांचों में सुधार किया जाए ताकि औद्योगिक इकाइयों के संचालन के लिए एक बेहतर और सुरक्षित कार्य वातावरण सुनिश्चित हो सके।
उद्योगपतियों की इन जायज चिंताओं पर तुरंत संज्ञान लेते हुए डीसी हामिद ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे मैंटेनेंस चार्ज के भुगतान के बाद नियमित स्वच्छता सेवाएं सुनिश्चित करने के लिए सिकॉप और नगर परिषद सोपोर के बीच एक समझौता ज्ञापन तैयार करवाएं। इसके साथ ही उन्होंने ड्रेनेज नेटवर्क और फेंसिंग के कार्यों के लिए तुरंत बजट अनुमान तैयार करने के आदेश दिए। डीसी ने स्पष्ट किया कि इन दोनों महत्वपूर्ण परियोजनाओं को इसी चालू वित्तीय वर्ष के भीतर शुरू कर पूरा कर लिया जाएगा।
उपायुक्त ने कहा कि जिला प्रशासन औद्योगिक बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और उद्यमियों की वास्तविक समस्याओं को हल करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने जोर देकर कहा कि उद्यमिता को बढ़ावा देने, युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा करने और स्थानीय अर्थव्यवस्था को गति देने के लिए एक सुव्यवस्थित और विकसित औद्योगिक परिवेश का होना बेहद अनिवार्य है।
औद्योगिक क्षेत्र के अध्यक्ष जुनैद जानवारी ने उपायुक्त के इस दौरे की सराहना करते हुए इसे बेहद महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि इससे औद्योगिक क्षेत्र की मुख्य समस्याओं, चुनौतियों और विकास संबंधी जरूरतों पर सीधे चर्चा करने का मौका मिला। जानवारी ने औद्योगिक समुदाय के साथ डीसी के इस सकारात्मक रुख की तारीफ की और उम्मीद जताई कि जिले में औद्योगिक विकास और इस क्षेत्र की समग्र प्रगति के लिए प्रशासन और उद्योग जगत के बीच यह सहयोग आगे भी इसी तरह जारी रहेगा।