सरकार की कार्यशैली से नाराज, गठबंधन खत्म करने की मांग
प्रदेश अध्यक्ष तारिक हामिद कर्रा ने बताया कि बैठक में गठबंधन सरकार के एक साल के कार्यकाल की भी समीक्षा की गई। अधिकतर सदस्यों ने विकास संबंधी कार्य, जन समस्याओं और प्रशासनिक अक्षमता पर नाराजगी जताई।
सूत्रों के मुताबिक बैठक में कई सदस्यों एवं विधायकों का कहना था कि पार्टी को एनसी के साथ गठबंधन खत्म कर देना चाहिए। उनका कहना था कि नेकां ने वादाखिलाफी किया है। कर्रा ने बताया कि यह समीक्षा रिपोर्ट भी नेतृत्व को भेजी जाएगी। बैठक में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव और कांग्रेस विधायक दल के नेता जीए मीर, कार्यकारी अध्यक्ष रमन भल्ला, पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष पीरजादा सईद, मूला राम, चौधरी लाल सिंह, सभी छह विधायक और प्रदेश के अन्य प्रमुख नेता मौजूद रहे।
कर्रा बोले-उमर से लेकर फारूक तक को लिखा पत्र
कर्रा ने कहा कि मैंने और कांग्रेस विधायक दल के नेता जीए मीर ने एक पत्र उमर को लिखा था। उन्होंने इसे नेकां प्रमुख डॉ. फारूक को भेजने के लिए कहा था। हमने उन्हें भी सुरक्षित सीट के लिए पत्र लिखा। उनकी ओर से अभी तक कोई जवाब नहीं आया, इसलिए हमने बिना इंतजार किए चुनाव न लड़ने का फैसला लिया है।