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पहलगाम हमले का नायक: आदिल के सपनों का घर तो बन गया, पर उसे देखने वाला नहीं रहा, परिवार की आंखें आज भी नम

Mon, 20 Apr 2026 12:14 PM IST
Nikita Gupta अमर उजाला नेटवर्क, श्रीनगर

सार

पहलगाम आतंकी हमले में पर्यटकों की जान बचाते हुए शहीद हुए आदिल की यादें आज भी उनके परिवार को भावुक कर देती हैं, हालांकि उनका सपना था जो घर बनाया गया वह पूरा हो गया है।
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अनंतनाग के पहलगाम में जान गंवाने वाले आदिल का घर। - फोटो : संवाद
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विस्तार
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पहलगाम आतंकी हमले में पर्यटकों की जान बचाते हुए अपनी जान गंवाने वाले आदिल की यादें आज भी परिजन को रुला रही हैं। परिवार के दिल में गर्व के साथ-साथ उसकी कमी का दर्द बरकरार है। आदिल के सपनों का घर तो बन गया है लेकिन उसे देखने वाला अब इस दुनिया में नहीं है। पहलगाम के बायसरन में 22 अप्रैल 2025 को आतंकियों के हमले में 22 पर्यटक मारे गए थे। पर्यटकों की जान बचाते-बचाते पहलगाम के आदिल की जान भी चली गई। आदिल को ना सिर्फ समूचे देश के लोगों ने नमन किया बल्कि उसके परिवार को शिवसेना के वरिष्ठ नेता एकनाथ शिंदे ने घर बनाने का वादा दिया था।

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आदिल के सपनों का घर तो बन गया लेकिन आदिल नहीं है। ये कहना है आदिल के परिवार का। रविवार को उन्होंने बाचीत में कहा, उन्हें अपने बेटे पर गर्व है क्योंकि आदिल ने बेकसूर लोगों की जान बचाने में अपनी जान गंवाई। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने आदिल की पत्नी को सरकारी नौकरी भी दी है। वही आदिल के लिए लोग अभी भी तारीफें करते हुए नहीं थक रहे हैं। परिवार का कहना है कि आज भी आदिल को याद कर उनकी आंखें नम हो जाती हैं। अगर वो जिंदा होता तो बात और थी।

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