पहलगाम में हाल ही में हुए आतंकी हमले के बाद सुरक्षाबलों ने कश्मीर घाटी में व्यापक आतंकवाद विरोधी अभियान शुरू किया है, जिसके परिणामस्वरूप 3,600 से अधिक ओवर ग्राउंड वर्करों (ओजीडब्ल्यू) को गिरफ्तार किया गया है। यह कार्रवाई अनंतनाग, कुलगाम, शोपियां, पुलवामा, अवंतीपोरा, बडगाम, श्रीनगर, गांदरबल, बारामुला, हंदवाड़ा, कुपवाड़ा और बांदीपोरा सहित कई अन्य क्षेत्रों में की गई।
जम्मू कश्मीर पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि ओजीडब्ल्यू के पारिस्थितिकी तंत्र को पूरी तरह से नष्ट करने के लिए भी सुरक्षाबलों के पूरे प्रयास जारी है। इन्हीं कार्रवाइयों के चलते अभी तक करीब 3,600 ओजीडब्ल्यू को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें से 160 के खिलाफ पब्लिक सेफ्टी एक्ट (पीएसए) के तहत मामले दर्ज किए गए हैं, जबकि अन्य पर गैर कानूनी रोकथाम अधिनियम के तहत मामले दर्ज किए गए हैं।
जारी की गई 14 स्थानीय आतंकवादियों की सूची में से भी छह को हाल ही में दो मुठभेड़ों में मार गिराया गया है, जबकि अभी तक 12 से अधिक मकानों को जमींदोज किया गया है।
जैश-लश्कर से थे सक्रिय संबंध
जांच से पता चला है कि इनमें से कई के जैश-ए-मोहम्मद, लश्कर-ए-तैयबा और हिजबुल मुजाहिदीन के साथ सक्रिय संबंध थे। कई ओजीडब्ल्यू अपने पाकिस्तान में बैठे संचालकों के साथ गुप्त संचार बनाए रखने के लिए एन्क्रिप्टेड मैसेजिंग प्लेटफॉर्म और वीपीएन का उपयोग कर रहे थे।
हथियार, गोला-बारूद बरामद...
गिरफ्तारियों के अलावा, सुरक्षाबलों ने हथियारों, गोला-बारूद और डिजिटल उपकरणों का एक बड़ा जखीरा भी बरामद किया है, जिसका कथित तौर पर आतंकी नेटवर्क के भीतर निगरानी, समन्वय और रसद सहायता के लिए उपयोग किया जाता है।