राजोरी। स्कूल में कब्जे की जानकारी के बाद डीसी राजेश कुमार ने उसे खाली करवाने का आदेश दिया। शुक्रवार को जब
तहसीलदार और एसएचओ मौके पर पहुंचे तो चौंकाने वाला खुलासा हुआ। पता चला कि चौधरीनाड निवासी ठेकेदार फैज चौधरी 13 साल से सरकारी हाई स्कूल के दो कमरों में कब्जा किए हुआ था। इसके अलावा उसने दो कमरों का निर्माण भी अधूरा छोड़ दिया था।
फ़ैज के पिता मोहम्मद नजाम दीन ने स्कूल के लिए जमीन दान में दी थी। इसके बदले में शिक्षा विभाग ने उसे 3 लाख 40 हजार की स्वीकृत राशि से दो कमरों का निर्माण करने का ठेका दिया। फैज ने आरोप लगाया कि उसे विभाग ने मात्र 1 लाख साठ हजार का भुगतान किया है। 80 हजार का भुगतान नहीं होने के कारण दो कमरों का काम पूरा नहीं हो पाया। तहसीलदार के पत्र लिखने के बाद मुख्य शिक्षा अधिकारी गुलजार हुसैन ने जांच करवाई। इसमें पता चला कि तत्कालीन हेडमास्टर ने पूरा पैसा विभाग से लिया। ठेकेदार को पैसा देते समय विभागीय प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया। सीईओ ने बताया कि स्लैब का काम पूरा करवाने के लिए ठेकेदार को भुगतान किया जाएगा।