उपभोक्ताओं को सही सेवा प्रदान न करने पर जिला मजिस्ट्रेट ने बीएसएनएल के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए हैं। जानकारी के अनुसार जिला मजिस्ट्रेट ने एसएसपी राजोरी को दिए निर्देश में कहा है कि बीएसएनएल संचार सेवा ठप होने से जहां एक तरफ आम उपभोक्ता परेशान हैं, वहीं सरकारी कार्यालयों में भी कामकाज बुरी तरह प्रभावित होता है।
सरकारी विभागों और बैंकों में सारा कामकाज बीएसएनएल की ब्राड बैंड सेवा से ही चलता है। बीएसएनएल सेवा ठप होने से जिला मजिस्ट्रेट कुछ दिन पहले दो महत्वपूर्ण वीडियो कांफ्रेंस में भाग भी नहीं ले पाए। इस प्रकार सेवा बाधित रहने का कड़ा नोटिस लेते हुए बीएसएनएल के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई के लिए लिखा गया है।
बीएसएनएल ने अपने जवाब में जिला मजिस्ट्रेट को बताया है कि सेवा ठप होने के पीछे मुख्य कारण ऑप्टिकल फाइबर का कट जाना है। बीएसएनएल की ऑप्टिकल फाइबर किसी प्राइवेट कंपनी द्वारा डाली जाती है। जिला मजिस्ट्रेट ने एसएसपी को लिखा है कि बार-बार ऑप्टिकल फाइबर कटने के पीछे कारणों का पता लगाएं और यदि कोई व्यक्ति या कंपनी जानबूझ कर फाइबर काटती है तो उसके खिलाफ भी मामला दर्ज कर कार्रवाई की जाए।
सनद रहे कि जिलेभर में आए दिन बीएसएनएल की सेवा ठप रहने से उपभोक्ताओं को दिक्क्तों का सामना करना पड़ता है। विशेष कर मोबाइल उपभोक्ता व ब्राड बैंड उपभोक्ताओं को सबसे अधिक दिक्कतें उठानी पड़ती हैं।