निर्माण कार्य तेज करने की मांग उठाई
संवाद न्यूज एजेंसी
राजोेरी। जीएमसी के पास निर्माणाधीन सराय भवन के कार्य में हो रही देरी को लेकर खेवरा व आसपास के लोगों ने मंगलवार को प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन प्रमुख समाजसेवी मुश्ताक भट की अगुवाई में किया गया। इसमें बड़ी संख्या में स्थानीय लोग शामिल हुए।
प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन और संबंधित विभागों के खिलाफ नाराजगी जताई। उन्होंने निर्माण कार्य में तेजी लाने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान लोगों ने कहा कि सराय भवन का निर्माण कार्य लंबे समय से जारी है लेकिन इसकी प्रगति बेहद धीमी है। उन्होंने बताया कि यह सराय जीएमसी में आने वाले मरीजों और उनके परिजन की सुविधा के लिए बनाई जा रही है। निर्माण कार्य में देरी के कारण आम जनता को लगातार कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
समाजसेवी मुश्ताक भट ने कहा कि सरकार और संबंधित एजेंसियों को इस महत्वपूर्ण परियोजना को प्राथमिकता देनी चाहिए थी लेकिन दुर्भाग्यवश काम की रफ्तार बेहद धीमी है। उन्होंने कहा कि राजोरी जैसे सीमांत जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए आने वाले मरीजों और उनके परिजन को पहले ही कई समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। अब सराय का निर्माण अधूरा रहने से उनकी परेशानियां और बढ़ गई हैं।
उन्होंने कहा कि अनंतनाग में इसी प्रकार की सराय का निर्माण कार्य लगभग पूरा हो चुका है जबकि राजोरी में अब तक कार्य अधूरा पड़ा है। इससे स्थानीय लोगों में निराशा है। प्रदर्शनकारियों ने सवाल उठाया कि आखिर राजोरी के लोगों के साथ भेदभाव क्यों किया जा रहा है और यहां के विकास कार्यों को समय पर पूरा क्यों नहीं किया जाता।
प्रदर्शन में शामिल लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि निर्माण कार्य में तेजी लाई जाए और जल्द से जल्द सराय को जनता के लिए तैयार किया जाए। यह भवन मरीजों और उनके तीमारदारों के लिए बहुत जरूरी है क्योंकि हर दिन बड़ी संख्या में लोग जीएमसी राजोेरी इलाज के लिए पहुंचते हैं और उन्हें ठहरने के लिए उचित व्यवस्था नहीं मिल पाती।
स्थानीय निवासियों ने कहा कि यदि जल्द ही निर्माण कार्य पूरा नहीं किया गया तो वे अपने आंदोलन को और तेज करेंगे। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में बड़े स्तर पर प्रदर्शन किया जाएगा जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन और संबंधित विभागों की होगी।
प्रदर्शन के दौरान लोगों ने प्रशासन से परियोजना की वास्तविक स्थिति सार्वजनिक करने और निर्माण कार्य की समय सीमा तय करने की भी मांग की। स्थानीय लोगों ने उम्मीद जताई कि जिला प्रशासन इस मुद्दे को गंभीरता से लेगा और जल्द ही निर्माण कार्य में तेजी लाकर जनता को राहत प्रदान करेगा।