अधिकारियों ने बताया कि ड्रोन सीमा के पास मंगलनार-दबरोटे की ओर गया और कुछ देर बाद वापस पाकिस्तान की तरफ लौट गया। इसके बाद एलओसी की सुरक्षा में तैनात सेना के जवानों ने निगरानी बढ़ा दी और सुबह होते ही इलाके में तलाशी अभियान शुरू किया, ताकि यह पता लगाया जा सके कि ड्रोन ने कोई संदिग्ध सामान तो नहीं गिराया। तलाशी अभियान अभी जारी है और सीमा क्षेत्र में सुरक्षा बलों को हाई अलर्ट पर रखा गया है।
इसी बीच, संदिग्ध गतिविधियों की सूचना के बाद पुलिस, सेना और अर्धसैनिक बलों ने उधमपुर, कठुआ और राजोरी के घने जंगलों में भी व्यापक तलाशी अभियान शुरू किया है। शुक्रवार शाम से उधमपुर-कठुआ के जंगलों में खुबान, नगैन, खत्रैल, गोडू फलाल, पदेतर, चोर मोट्टू, किया, खेबा, भेड़, मार्टा, जोफर और आसपास के इलाकों में संयुक्त अभियान चलाया जा रहा है।
वहीं, राजोरी के गैबास, मिठियानी, मोगला और नरला इलाकों में भी तलाशी अभियान चलाया गया। यहां ग्रामीणों ने दो संदिग्ध हथियारबंद लोगों की गतिविधि की सूचना दी थी जिन्हें आतंकवादी होने का संदेह है।