फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पुंछ में दशकों के बाद बदला माहौल सैना की तरफ से ख्रुले मैदान में आयोजित पहले रात्री कार्यक्रम में हजारों लोगों ने लिया भाग,हालात

विज्ञापन
पुंछ के स्पोर्ट स्टेडियम में पहली बार रात को खुले आसमन के नीचे आयोजित रंगा रंग कार्यक्रम - फोटो : POONCH
विज्ञापन
पुंछ। जहां पुंछ में पहले शाम ढलते ही कहीं पर किसी प्रकार का सार्वजनिक कार्यक्रम नहीं होता था। वहीं अब सेना की तरफ से आम लोगों के सहयोग से सोमवार रात्रि को नगर स्थित स्पोर्ट्स स्टेडियम में 75 वें पुंछ लिंक अप दिवस के सिललिसे में खुले आसमान के नीचे एक बड़े रंगारंग कार्यक्रम महफिले म़ौसिकी का आयोजन किया गया। इसमें हजारों की संख्या में न सिर्फ पुंछ नगर बल्कि आसपास के क्षेत्रों के लोगों, युवाओं, महिलाओं, बच्चों, बुजुर्गों, सैन्य अधिकारियों और जवानों ने भाग लिया।
विज्ञापन

सर्दी के इस मौसम में बड़ी संख्या में आए लोगों का मनोरंजन करने के लिए सेना की पुंछ ब्रिगेड द्वारा बुलाए जाने गए कलाकार काबुल बुखारी, बीएसएफ बैंड एवं गायक हरप्रीत सिंह और पुंछ के जाने-माने शायरों ने अपने कलाम से और गायकों ने गानों से लोगों का खूब मनोरंजन किया। इससे लोगों में गर्मी का अहसास होने लगा वह घंटों मस्ती में झूमते नजर आए। पहली बार रात को खुले आकाश के नीचे आयोजित इस कार्यक्रम को लेकर लोगों में काफी उत्साह देखने को मिला। अधिकतर लोगों विशेष कर चालीस-पचास वर्ष की आयु के बीच के लोगों फतेह मोहम्मद अब्बासी, इफ्तिखार हुसैन, रंजीत सिंह, सौरभ कुमार आदि कहना था कि हमारी होश में यह पहला अवसर है, जब इतने बड़े स्तर पर इस प्रकार का रात्रि का कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है, जिसमें बेखौफ होकर सब लोग भाग रहे रहे हैं। इससे पहले तो हमने छोटे-मोटे कार्यक्रम अथवा मुशायरे भी बंद कमरों में आयोजित होते थे। इस आयोजन को लेकर हम सबमें भारी खुशी है।
कुछ लोगों प्रदीप खन्ना, गुुरशरण सिंह, कृष्ण कुमार आदि कहना है कि अब लगता है कि पुंछ के हालात बदल चुके हैं, और फिर पुराने दिन लौट आए हैं। क्योंकि इससे पहले हमने अपने बचपन में पुंछ नगर के चौक बजार में, टाउन हाल में, परेड ग्राउंड में इसी तरह के बडे़-बड़े कार्यक्रम देख चुके हैं। प्रदीप खन्ना ने कहा कि अगर इसी तरह के हालात रहें तो हमारी नई पीढ़ी को भी इस प्रकार मनोरंजन करने के साथ प्रतिभाओं का प्रदर्शन करने का भी मौका मिलेगा, वरना पिछले 30 वर्ष आतंकवाद और उसके साथ दस से अधिक वर्ष पाकिस्तानी गोलाबारी के खौफ में निकल गए इन 40 वर्षों में एक पीढ़ी निकल गई है। अब गोलाबारी बंद होने से लोगों को राहत मिली है।
विज्ञापन

सेना की तरफ से आयोजित इस कार्यक्रम में देर रात्रि बड़ी संख्या में युवक-युवतियां और ब्रिगेड कमांडर राजेश बिष्ट सहित अन्य सैन्य अधिकारी गायक काबुल बुखारी के साथ उसके गीत पर जमकर नाचते रहे। इस प्रकार एक दूसरे के साथ नाच रहे युवाओं और सैन्य अधिकारियों के लिए पुंछ में यह नया अनुभव था। इसकी खुशी उन सबके चेहरों पर साफ झलक रही थी।
पुंछ की तरह उढ़ी, करनाह, कुपवाड़ा में लोग महसूस कर रहे अमन चैन लौटा है
जम्मू-कश्मीर के जाने माने गायक काबुल बुखारी से संवाद न्यूज से की विशेष बात
संवाद न्यूज एजेंसी
पुंछ। पुंछ की तरह उढ़ी करनाह, कुपवाड़ा में भी अब लोग महसूस कर रहे हैं कि अमन चैन लौट आया है। यहां जो इतनी रात को मेरा कार्यक्रम हो रहा है, उसमें बड़ी संख्या में लोग आए हैं। तो यही में वक्त बदला है। लोग अमन को महसूस कर रहे हैं।
यह कहना है जम्मू-कश्मीर के जाने माने गायक काबुल बुखारी का, जोकि खुद एक सरहदी क्षेत्र उड़ी के निवासी हैं। काबुल बुखारी सोमवार रात्रि पुंछ नगर के स्पोर्ट्स स्टेडियम में सेना की तरफ से 75 वें पुंछ लिंक अप दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित महफिले मौसिकी में गीत प्रस्तुत करने पहुंचे थे। जहां संवाद न्यूज एजेंसी से बात करते हुए उन्होंने कहा कि अब काफी कुछ बदला है। पुंछ की ही तरह हम उड़ी, करनाह, कुपवाड़ा में भी इस तरह के कार्यक्रमों का आयोजन कर रहे हैं। यह पूछे जाने पर युवाओं के लिए क्या संदेश है, तो काबुल बुखारी का कहना था कि मेरा युवाओं से एक ही कहना है कि वह अपने अंदर की प्रतिभाओं चाहे वह गाने की हो, खेलों की हो या और कोई प्रतिभा हो, उसे बाहर निकालो। इस बात का इंतजार मत करो कि कोई आपको मंच प्रदान करेगा। आप अपनी प्रतिभा बाहर निकालोगे, उसका प्रदर्शन करोगे, तो मंच अपने आप मिल जाएगा।
युवाओं से गलत रास्ते पर न जाने का आह्वान करते हुए काबुल बुखारी ने कहा कि गलत रास्ते पर चलने वालों का क्या हश्र होता है, इसका सबको पता है। गलत रास्ते पर चल कर फोटो छपेगा तो एक बार वो भी अखबार पर, लेकिन सही रास्ते पर चल कर देखो आज यहां मेरे साथ 40-50 नौजवान फोटो खिंचवाने को खड़े हैं। इससे अपने मन को भी सुकून मिलता है, और देखने वालों को भी। मैं कहता हूं आप किसी के लिए कुछ नहीं करना चाहते हैं तो मत करो, लेकिन अच्छे रास्ते पर चल कर आप शोहरत दौलत अपने लिए हर सुविधा खड़ी कर सकते हो। अपना अलग मुकाम बना सकते हो।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें