पुंछ। जिले में लगातार कोरोना संक्रमितों की संख्या में हो रही वृद्धि और कई क्षेत्रों में एक साथ बड़ी संख्या में संक्रमितों के सामने आने के बाद कई क्षेत्रों को माइक्रो कंटेनमेंट जोन बनाकर कई प्रकार की पाबंदियां लगाई जा रही हैं। प्रशासन की तरफ से लोगों को हर प्रकार की सुविधा प्रदान करने के आदेश जारी किए जा रहे हैं।
जिले के माइक्रों कंटेनमेंट जोन चंडक निवासियों ने क्षेत्र में सरकार की लापरवाही का आरोप लगाते हुए किसी प्रकार की कोई सुविधा उपलब्ध नहीं कराए जाने की बात कही है। चंडक निवासी मोहम्मद रशीद खान और फयाज दिवान ने बताया कि इस क्षेत्र में दो दर्जन के करीब कोरोना संक्रमित मिलने के बाद चंडक को माइक्रो कंटेनमेंट जोन बनाया गया। उसके बाद आज तक न तो क्षेत्र में सैनिटाइजेशन कराई गई, न ही फॉगिंग, और न ही लोगों के टेस्ट ही कराए गए। यहां तक कि संक्रमित परिवारों में सर्दी, खांसी, बुखार आदि की दवाइयां तक उपलब्ध नहीं कराई गई हैं। इसके चलते हर किसी को गांव के बाहर स्थित एक केमिस्ट की दुकान से दवाइयां लाने के लिए बाहर निकलना पड़ता है। जोकि कंटेनमेंट जोन के नियमों के खिलाफ है।
इस बारे में क्षेत्रीय मजिस्ट्रेट नायब तहसीलदार मोहम्मद अफजल का कहना है कि बार-बार आग्रह करने पर भी क्षेत्र के लोग प्रशासन का सहयोग नहीं कर रहे हैं। मैं दो दिन स्वयं स्वास्थ्य विभाग की टीम के साथ लोगों के टेस्ट कराने के लिए गांव के चक्कर लगाता रहा। चंद लोगों को छोड़ कर कोई टेस्ट कराने बाहर नहीं निकला। टीकाकरण का आग्रह किया तो लोगों ने टीका लगवाने से इनकार कर दिया। जहां तक सैनिटाइजेशन की बात है तो हमने दो दिन पहले ही सैनिटाइजेशन के लिए मशीन मंगवाई थी। मशीन खराब होने के कारण सैनिटाइजेशन नहीं हो पाई। आज या कल हम दोबारा पूरे गांव में सैनिटाइजेशन करा देंगे। मेरा लोगों से आग्रह है कि वह हमारा प्रशासन का सहयोग करें। अपने टेस्ट कराएं और 45 वर्ष से अधिक आयु के सभी लोग टीका भी लगवाएं।