तीन महीनों से पेयजल संकट से परेशान गांव भरमोरी के ग्रामीणों के सब्र का बांध आखिर टूट गया। बुधवार को जिला सचिवालय आकर लोगों ने पीएचई विभाग के खिलाफ नारेबाजी की। लोगों ने विभाग को दो दिन का समय दिया है। कहा कि अगर समस्या का समाधान नहीं किया गया तो भूख हड़ताल पर बैठ जाएंगे।
प्रदर्शनकारियों का नेतृत्व करते हुए गांव के दिलीप सिंह, सुखविंदर सिंह ने कहा कि यहां बोरवेल किया गया था, लेकिन तीन महीने में ही वह सूख गया। ट्यूबवेल है, लेकिन वहां से आज तक पीएचई विभाग पानी की सप्लाई नहीं करा पाया है। प्रदर्शनकारियों में सत्या देवी, रानी देवी, शिमला देवी, बिशनो देवी समेत बड़ी संख्या में महिलाएं शामिल थीं।
उन्होंने कहा कि पीएचई विभाग ने उज्ज दरिया पर पुल के शिलान्यास के दौरान पानी टैंकर से पानी मुहैया कराता था। इसके बाद उन्हें आज तक पानी नहीं मिला है। प्रदर्शनकारियों ने बोरवेल की मरम्मत कराने की मांग की है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों को भी समस्या के बारे में बताया गया, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ।