हीरानगर। दिल्ली -अमृतसर- कटड़ा एक्सप्रेस वे पर चड़वाल में बन रहे फ्लाईओवर के निर्माण कार्य में तेजी आई है। उम्मीद जताई जा रही है कि अगले साल जनवरी में यह काम पूरा कर लिया जाएगा। हालांकि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान मजदूरों के घर लौटने और उसके बाद बरसात में भारी बारिश की वजह से निर्माण कार्य बाधित हुआ। करीब 39 हजार करोड़ की लागत से बनने वाले 840 मीटर लंबे और करीब 34 मीटर चौड़े पिलर आधारित फ्लाईओवर न सिर्फ कस्बे के यातायात को बाईपास करने का काम करेगा बल्कि मुख्य चौक और बाजार की खूबसूरती को भी चार चांद लगाएगा।
इसके निर्माण में आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल किया जा रहा है। फ्लाईओवर को मजबूती देने के लिए इसके खोखले भागों में केबल बांधी जाएगी। यह केबल लंबाई व चौड़ाई दोनों ओर से पुल को मजबूती से बांधे रखेगी। पुल में इस्तेमाल होने वाली केबल कुछ हद तक बसहोली में बने अटल सेतु को बांधे रखने वाली केबल की तरह ही होगी।
आधुनिक तकनीक से बन रहे फ्लाईओवर का निर्माण कार्य पूरा होने का स्थानीय लोग भी उत्सुकता से इंतजार कर रहे हैं। इसके बनने से न सिर्फ यातायात व्यवस्था में सुधार होगा बल्कि निर्माण कार्य के चलते लंबे समय से धूल मिट्टी से परेशान लोगों को भी राहत मिलेगी।
यह काम अब तक पूरा हो चुका होता, लेकिन ऑपरेशन सिंदूर के दौरान मजदूरों के घर लौट जाने के कारण कुछ महीनों के लिए काम प्रभावित हुआ और उसके बाद भारी बरसात से भी निर्माण कार्य में बाधा आई। लेकिन अब जिस रफ्तार से यह कार्य चल रहा है, जनवरी से पहले पूरा होने की उम्मीद है। इस फ्लाईओवर की एक अप्रोच पर तारकोल बिछाने का काम भी पूरा हो गया है। - शुभम महाजन, इंजीनियर, हाईवे प्राधिकरण।