जल शक्ति विभाग के खिलाफ प्रदर्शन करते मिडिल स्कूल कोटी के विद्यार्थी और स्थानीय लोग। स्रोत जागर
- कोटी गांव में 15 दिन से पेयजल आपूर्ति ठप, छात्र पढ़ाई छोड़कर दो किमी दूर से पानी लाने को मजबूर
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलावर। मिडिल स्कूल कोटी के विद्यार्थियों और स्थानीय लोगों का गुस्सा वीरवार को जल शक्ति विभाग के खिलाफ फूट पड़ा और उन्होंने जोरदार नारेबाजी कर रोष प्रकट किया। बताया कि गांव में 15 दिन में एक बार पानी आता है। वहीं, स्कूल में पेयजल न होने के कारण छात्रों को दो किलोमीटर दूर से प्राकृतिक स्रोत से पानी लाना पड़ रहा है।
बच्चाें के अभिभावक रणजीत सिंह, राजकुमार, अरुण और अन्य लोगों ने बताया के पिछले 15 दिन से उनके गांव में पेयजल आपूर्ति उपलब्ध नहीं करवाई गई है। स्कूल के छात्र पैदल चलकर पानी लाने को मजबूर हैं। यूं तो सरकार हर घर जल और हर घर नल पहचाने के दावे करती है लेकिन हकीकत में परिस्थितियां विपरीत चल रही हैं। प्रदर्शनकारियों ने बताया कि उनके गांव के लिए कुरकन से पाइपलाइन बिछाई गई है जो लगभग 25 किलोमीटर लंबी है।
कहा कि लोगों के घरों तक पानी उपलब्ध करवाने में जल शक्ति विभाग विफल हो गया है। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि अगर जल्द उनके गांव में जल्द पेयजल आपूर्ति उपलब्ध नहीं करवाई गई तो वे उपमंडल मुख्यालय पर जल शक्ति विभाग के खिलाफ उग्र प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। प्रदर्शन में कोटी मिडिल स्कूल के 100 से अधिक विद्यार्थी शामिल रहे।
कोट...
प्राकृतिक स्रोत में पानी की कमी की वजह से समस्या पेश आ रही है। जल जीवन मिशन के तहत डगवैल और रिजर्वायर का काम पूरा हो चुका है। पाइपलाइन से भी इलाके को जोड़ दिया गया है। एक महीने के भीतर कोटी गांव के लोगों को जल जीवन मिशन के तहत पेयजल आपूर्ति उपलब्ध करवा दी जाएगी।
- सुरेंद्र सिंह संब्याल, एईई, जल शक्ति विभाग।