सफाई कर्मचारियों ने सोमवार को मोर्चा खोल दिया। इस दौरान लखनपुर से बनिहाल तक चार हजार से ज्यादा सफाई कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए। इस दौरान उन्होंने नियमित किए जाने, ढाई दिन के वेतन समेत 11 मांगों पर आवाज बुलंद की। उधर, हड़ताल शुरू होने से शहर और कसबों की सफाई व्यवस्था चरमरा गई है। सफाई कर्मचारी यूनियन ने साफ किया है कि न तो निकायों में सफाई की जाएगी और न ही सफाई होने दी जाएगी।
कठुआ नगर परिषद कार्यालय में अखिल भारतीय सफाई कर्मचारी मजदूर संघ के बैनर तले अपनी लंबित मांगों को लेकर धरना-प्रदर्शन कर रहे सफाई का कर्मचारियों का नेतृत्व कर रहे संघ के जिला प्रधान सोम राज ने बताया कि वर्षों से अपनी सेवाएं दे रहे सफाई कर्मचारियों की हकों की सरकार द्वारा लगातार अनदेखी की जा रही है। गत दिनों विभाग समेत संबंधित अधिकारियों को सूचित कर दिया गया था। लेकिन इसके बाद भी सरकार की नींद नहीं खुली है। मजबूर होकर अब अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है।
उन्होंने बताया कि 36 निकायों में अपने हक के लिए कर्मचारी अब आंदोलन से पीछे हटने वाले नहीं हैं। क्योंकि पहले कई बार सफाई कर्मचारियों की इन मांगों को पहले भी प्रदेश प्रशासन के समक्ष उठाया जा चुका है लेकिन गंभीरता से नहीं लिया जा रहा है। ऐसे में उनके पास हड़ताल पर जाने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा है।