श्री गणेश चतुर्थी को लेकर बाजार में मूर्तियों को रंग करता कारीगरसंवाद
कठुआ। आगामी 27 अगस्त से शुरू हो रहे 10 दिवसीय श्री गणेश महोत्सव को लेकर कठुआ शहर में तैयारियां जोरों पर हैं। सार्वजनिक पंडालों की सजावट का कार्य तेजी से चल रहा है, वहीं घरों में गणपति स्थापना की परंपरा भी अब व्यापक रूप से अपनाई जा रही है। इसी के चलते शहर में गणेश प्रतिमाओं का कारोबार इन दिनों चरम पर है।
स्थानीय मूर्तिकार गुलाब राम जो पिछले करीब 20 वर्षों से मूर्ति निर्माण के कार्य में जुटे हैं, इस समय अपने परिवार के साथ दिन-रात मेहनत कर रहे हैं। गुलाब राम का कहना है कि मूर्ति बनाना ही मेरे जीवन का सार है। यह न केवल आजीविका का साधन है, बल्कि हमारी सांस्कृतिक पहचान भी है।”उनके परिवार के सभी सदस्य इस कला में पारंगत हैं और हर वर्ष गणेश चतुर्थी से पहले सैकड़ों प्रतिमाएं तैयार करते हैं।
वहीं, शहर के विभिन्न हिस्सों में रंग-बिरंगी गणेश प्रतिमाएं सजी हुई हैं, जिन्हें स्थानीय बाजारों में बिक्री के लिए रखा गया है। लोग अपने घरों के लिए छोटी प्रतिमाएं और पंडालों के लिए बड़ी मूर्तियां खरीद रहे हैं। इस बार पर्यावरण के प्रति जागरूकता को देखते हुए मिट्टी से बनी प्रतिमाओं की मांग भी बढ़ी है।