गांव करोल में चल रहे सात दिवसीय संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा सप्ताह का तीसरा दिन
हीरानगर। सीमावर्ती गांव करोल में चल रहे सात दिवसीय संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा सप्ताह तीसरे दिन भी जारी रही। कथा स्थल पर हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी, जो कथावाचक गायत्री देवी की मधुर वाणी और भगवान की लीला सुनकर मंत्रमुग्ध हो गई।
कथा का आयोजन स्थानीय समिति की ओर से किया जा रहा है, जिसमें क्षेत्र के गणमान्य लोगों और श्रद्धालुओं की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली। कथावाचक ने भगवान विष्णु के नृसिंह अवतार और भक्त प्रह्लाद की निष्ठा की कथा सुनाई। उन्होंने बताया कि कैसे भक्त प्रह्लाद की अटल श्रद्धा और भगवान पर विश्वास ने असंभव को संभव कर दिखाया। कथा के दौरान भगवान नृसिंह के प्रगटाव और हिरण्यकश्यप के वध का वर्णन करते हुए श्रोताओं में भावनात्मक उत्साह देखा गया। तीसरे दिन सुबह से ही मंदिर परिसर में भजन-कीर्तन और भगवान के जयकारों से वातावरण भक्तिमय रहा। महिलाओं और बच्चों ने भी बड़ी संख्या में भाग लिया और कथा सुनकर अपने जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने की प्रेरणा ली। कथावाचक ने श्रोताओं को संदेश दिया कि जीवन में धैर्य, विश्वास और भक्ति ही सबसे बड़ी शक्ति है, जो सभी कठिनाइयों से पार लगाने में मदद करती है। संवाद