- किराये पर कमरे लेकर पढ़ रहे विद्यार्थी
- आर्थिक बोझ पढ़ने से छोड़ रहे पढ़ाई
बिलावर। राजकीय डिग्री कॉलेज के विद्यार्थी छात्रावास की सुविधाओं को तरस रहे हैं। कॉलेज में बिलावर उपमंडल सहित बनी विधानसभा क्षेत्र और अन्य कई इलाकों के विद्यार्थी पढ़ाई कर रहे हैं। छात्रों को मजबूरन किराये पर कमरे लेकर रहना पड़ रहा है।
विद्यार्थियों ने बताया कि 2017 से विद्यार्थी कॉलेज में छात्रावास की मांग कर रहे हैं। बता दें कि बिलावर डिग्री कॉलेज में डूगैन ब्लॉक, मछैड़ी, लोहाई मल्हार, किंडली, बनी विधानसभा क्षेत्र और बिलावर उपमंडल से सटे उधमपुर जिले के कई विद्यार्थी शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। छात्रावास की सुविधा न होने से देवल गांव या आसपास के इलाके में किराए के कमरे लेकर रह रहे हैं। इससे विद्यार्थियों पर आर्थिक बोझ पड़ रहा है। कई विद्यार्थी आर्थिक तंगी के कारण किराए के कमरे लेने में असमर्थ हैं और मजबूरन पढ़ाई छोड़ देते हैं। विद्यार्थियों ने सरकार से मांग की है कि राजकीय डिग्री कॉलेज में छात्रावास की सुविधा उपलब्ध कराई जाए। कॉलेज के विद्यार्थियों ने इस संबंध में उप राज्यपाल मनोज सिन्हा से संज्ञान लेने की मांग की है।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के प्रदेश सहमंत्री सनक श्रीवत्स ने कहा कि 5 साल से कॉलेज के विद्यार्थियों के लिए उनका संगठन हॉस्टल की मांग कर रहा है। मगर कोई भी सुनवाई नहीं की जा रही।
छात्रा पल्लवी त्रिपाठी ने कहा कि बिलावर डिग्री कॉलेज में जल्द हॉस्टल की सुविधा उपलब्ध करवाई जाए। ताकि बिलावर के साथ बनी विधानसभा क्षेत्र के दूरदराज इलाकों के विद्यार्थियों को किराये के कमरे लेकर न रहना पड़े।
विद्यार्थी अजय सिंह ने कहा कि कॉलेज में पढ़ाई करने वाले कई विद्यार्थियों को पहले अपने घरों से 7 किलोमीटर पैदल सफर करना पड़ता है। इसके बाद विद्यार्थी सड़क किनारे पहुंचते हैं। इसके बाद वाहनों में सवार होकर कॉलेज पहुंचते हैं। हॉस्टल की सुविधा न होने से विद्यार्थियों का ज्यादातर समय कॉलेज में आने जाने में ही बीत जाता है।
कॉलेज में सेमेस्टर 3 की पढ़ाई कर रहे हरीश ने कहा कि छात्रावास की सुविधा न होने के कारण कई विद्यार्थी आर्थिक तंगी के कारण अपनी पढ़ाई छोड़ देते हैं।