कठुआ। राष्ट्रीय जनता दल के 25वें स्थापना दिवस पर पार्टी की कठुआ इकाई ने एक कार्यक्रम का आयोजन किया। इस मौके पर पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मनोहर डोगरा ने उपस्थित कार्यकर्ताओं को जनता की आवाज बुलंद करने के लिए कहा। साथ ही ऑनलाइन जुड़े पार्टी सुप्रीमो लालू यादव ने कार्यकर्ताओं का उत्साहवर्धन किया।
इस मौके पर जिला प्रधान एस के भंडारी ने कहा कि राष्ट्रीय जनता दल हमेशा से समाज के दबे कुचले वर्ग की पार्टी रही है, और हमेशा रहेगी। पार्टी सुप्रीमो लालू यादव ने अपने राजनैतिक जीवन के दौरान बिहार में मुख्यमंत्री रहते हुए जिस प्रकार का शासन दिया, वह आदर्श है। उन्होंने केंद्र में रेल मंत्री के तौर काम करते हुए भी अपनी कार्यशैली का लोहा मनवाया।
भाजपा पर निशाना साधते हुए भंडारी ने कहा कि भाजपा के राज में गरीब तबका महंगाई की मार से लाचार है। उसकी सुध लेने वाला कोई नहीं। कोरोना के इस दौर में जब लोगों के पास रोजगार नहीं है, तो सरकार उन्हें राहत देने के बजाय उनका शोषण कर रही है। पार्टी का हर कार्यकर्ता लोगों के बीच जाए और उनकी आवाज को बुलंद करे। आने वाला दिन राष्ट्रीय जनता दल का है।
समारोह में कार्यकर्ताओं को वर्चुअली संबोधित करते हुए पार्टी सुप्रीमो लालू यादव का दर्द छलक आया। लालू ने कहा, मैं लोगों को विश्वास दिलाना चाहता हूं कि हम मिट जाएंगे, लेकिन झुकेंगे नहीं। वे हमारी सरकार को जंगलराज कहते हैं। हमने तो तवा पर एक ही साइड से पकी रोटी को पलटने का काम किया। हमारा राज जंगलराज नहीं, जनराज रहा। चरवाहा स्कूल एक मैसेज था कि पेट के साथ शिक्षा का भी इंतजाम हो।
इसके साथ ही उन्होंने अपनी गैरहाजिरी में पार्टी संभालने के लिए अपने बेटे तेजस्वी यादव की तारीफ भी की। उन्होंने कहा, बिहार में हमारी अनुपस्थिति में चुनाव हुआ। हम तड़पते रह गए। हमें मलाल है। तेजस्वी से बात होती रहती थी। उसने कहा कि पापा चिंता मत कीजिए। हम लोगों से निपट लेंगे।
लालू ने राष्ट्रीय जनता दल के गठन से लेकर अभी तक के संघर्ष के बारे में विस्तार से अपनी बात रखते हुए कहा कि रामकृष्ण हेगड़े के परामर्श से पार्टी का नाम राष्ट्रीय जनता दल रखा गया था। पार्टी के स्थापना काल से लगातार संघर्ष कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि समाजवादियों ने संघर्ष छेड़ा कि मंडल कमीशन लागू करो। उस समय की सरकार ने गाड़ी रोककर रास्ते में पिटाई कराई, फिर भी हम लोग दिल्ली पहुंचे। नारा बुलंद किया कि मंडल कमीशन लागू करो। इंडिया गेट से हम लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया। हालांकि, बाद में रिहा कर दिया गया।