- सांस्कृतिक कार्यक्रम में डोगरी लोकनृत्य हरण ने बांधा समा
संवाद न्यूज एजेंसी
कठुआ। मेल-मिलाप आर्टिस्ट ग्रुप की ओर लोहड़ी पर्व के उपलक्ष्य पर सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन पारलीवंड स्थित विश्वकर्मा मंदिर में किया गया। इसमें स्थानीय कलाकारों ने लोक संगीत खासकर डोगरी लोकनृत्य हरण की प्रस्तुति ने समां बाध दिया।
समारोह में त्रिवेणी कला कुंज और सब रस साहित्य संगम से जुड़े कवि और साहित्यकार उपस्थित रहे। बंटी अलमस्त की अध्यक्षता में कार्यक्रम हुआ। मुख्य अतिथि के रूप में जम्मू-कश्मीर बैंक से सेवानिवृत राघवेंद्र सिंह, विशिष्ट अतिथि मंदिर कमेटी के प्रधान करतार वर्मा और बजरंग दल के प्रांतीय अध्यक्ष नवीन सूदन उपस्थित रहे। मुख्य अतिथि ने कहा कि ऐसे कार्यक्रम से जहां लोगों को डोगरा संस्कृति के बारे में जानने का मौका मिलता है। वहीं, स्थानीय कलाकारों को भी मंच प्रदान करने का एक अच्छा जरिया है। उन्होंने मेल मिलाप आर्टिस्ट ग्रुप के सदस्यों को प्रोत्साहित कर उन्हें अपने प्रयास को भविष्य में भी जारी रखने के लिए प्रेरित किया।
बंटी अलमस्त ने बताया कि स्थानीय कलाकारों का उनका ग्रुप लगातार कला और संस्कृति के प्रचार-प्रसार के लिए पिछले चार सालों से विभिन्न त्योहारों पर डोगरी लोकनृत्य पर आधारित कार्यक्रमों का आयोजन करता आ रहा है जो भविष्य में भी जारी रहेगा। युवाओं और बच्चों द्वारा दी गई प्रस्तुतियों को लोगों से सबसे ज्यादा सराहा। सभी ने सामूहिक रूप से लोहड़ी जलाई और अर्घ्य दिया। इस मौके पर त्रिवेणी कला कुंज की ओर से डॉ. ऊषा मोगा, सब रस साहित्य संगम की ओर से तिलक राज सुम्बरिया, अधिवक्ता सुशील गुप्ता सहित अन्य गणमान्य मौजूद रहे।