कठुआ। भारी हिमपात से ठप हुए बनी भद्रवाह मार्ग और पस्सियां गिरने से ठप हुए बनी बसोहली मार्ग को बुधवार दोपहर तक बहाल कर दिया गया है। बनी बसोहली मार्ग पर टिकरी में एक बार फिर पस्सियां गिर गई थीं तो वहीं दूसरी ओर बनी-भद्रवाह मार्ग पर छत्रगलां टॉप और गुली डंडा के बीच दो फुट तक हिमपात ने वाहनों की आवाजाही को प्रभावित किया था।
सोमवार को हल्की और फिर मंगलवार दोपहर तक हुई भारी बर्फबारी के बीच बनी भद्रवाह मार्ग पर यातायात में ब्रेक लग गई थी। बनी और भद्रवाह दोनों ओर से यात्री वाहनों को आवागमन की अनुमति नहीं दी जा रही थी। बर्फबारी का दौर थमने के बाद बीआरओ ने बुधवार को सरथल और भद्रवाह दोनों ओर से बर्फ हटाने के लिए मशीनों को लगा दिया। भद्रवाह की ओर से गुली डंडा से लेकर छत्रगलां टॉप तक दोपहर तक बर्फ हटाकर वाहनों को आवाजाही की अनुमति दे दी गई। वहीं सरथल की ओर से भी बीआरओ की टीम ने छत्रगलां टॉप तक बर्फ हटाने का काम पूरा करने क बाद सड़क को बहाल कर दिया।
उधर, टिकरी में भारी बारिश के बाद पस्सियां गिरने से बंद हुआ बनी बसोहली मार्ग दोपहर लगभग डेढ़ बजे बहाल हो पाया। सुबह आठ बजे के लगभग वैकल्पिक तैयार किए गए कच्चे मार्ग पर पहाड़ से मलबा खिसककर आ गया था। जिसके बाद दोनों ओर वाहनफंसकर रह गए थे। ऐसे में सड़क को बहाल करने में दोपहर तक का समय लग गया।
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सरथल से छत्रगलां और गुलडंडा के बीच स्वर्ग बनी वादियां, बड़ी संख्या में पहुंच रहे स्थानीय पर्यटक
सरथल से छत्रगलां और गुलडंडा के बीच की वादियां इन दिनों किसी स्वर्ग से कम नहीं लग रही हैं। सोमवार और मंगलवार हुई भारी बर्फबारी के बाद क्षेत्र में करीब दो फीट तक बर्फ जम गई है, जिससे पूरा इलाका सफेद चादर में लिपटा नजर आ रहा है। पहाड़ चांदी से चमक रहे हैं।
बर्फ से ढकी पहाड़ियों और पेड़ों की खूबसूरती ने स्थानीय पर्यटकों को अपनी ओर आकर्षित किया है। सुबह से ही बड़ी संख्या में लोग सरथल की ओर रुख कर रहे हैं, जहां वे बर्फ में खेलते, फोटो खिंचवाते और प्राकृतिक सौंदर्य का आनंद लेते नजर आए।
स्थानीय दुकानदारों अनुसार, बर्फबारी के बाद पर्यटकों की संख्या में अचानक बढ़ोतरी हुई है। ऐसे में ऑफ सीजन में भी क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।