कठुआ। शहर के शिवानगर स्थित अद्धैत स्वरूप आश्रम में भव्य कलश यात्रा के साथ श्रीमद्भागवत कथा का आगाज हो गया है। शुक्रवार को आश्रम परिसर से कलश यात्रा निकाली गई। वहीं, दोपहर को कथाव्यास संत सत प्रेमानंद की महाराज ने अपने प्रवचनों से भक्तों को निहाल किया।
बैंडबाजे के साथ आश्रम परिसर से निकाली गई कलशयात्रा शहर के प्राचीन बावलियों पर पहुंची। जहां बावली के पवित्र जल को भरने के बाद कलशयात्रा वापस आश्रम पहुंची। जहां विधिविधान से पूजन के बाद कलशों की स्थापना की गई। इस मौके पर कथाव्यास ने कहा जीवन में कभी भी श्रीमद्भागवत कथा आयोजन श्रवण का अवसर मिले तो ग्रहण करें।
उन्होंने भक्तजनों के अपार जन समूह श्रीमद्भागवत कथा का रसपान कराते हुए कहा कि भागवत कथा सुनने से जीवन को मुक्ति मिलती है। उन्होंने कहा भागवत जीवन का सार है जो हमें जीवन जीने की सरल व अलौकिक राह प्रदान करता है। कहा कि मन को वश में करके इसे परमात्मा से जोड़ना ही जीवन का सार है। भागवत कथा का श्रवण, मनन, व पालन समस्त दुखों का अंत है जो जीवन को मर्यादित रहने की प्रेरणा देता है।