फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kathua News: मच्छर जनित रोगों की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग अलर्ट

विज्ञापन
विज्ञापन
जिले में जांच और उपचार सुविधाएं की जा रहीं मजबूत
विज्ञापन


संवाद न्यूज एजेंसी
कठुआ। मानसून के आगमन के साथ डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया जैसे मच्छरजनित रोगों के बढ़ते खतरे को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने जन-जागरुकता अभियान के साथ-साथ सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में जांच और उपचार की सुविधाओं को भी मजबूत करना शुरू कर दिया है। इसी क्रम में मलेरिया विंग के इंस्पेक्टर लोकेश राज ने पीएचसी लखनपुर का दौरा कर वहां उपलब्ध स्वास्थ्य सुविधाओं का निरीक्षण किया।

इस दौरान उन्होंने स्वास्थ्य कर्मियों को डेंगू और मलेरिया की जांच किटों का अधिक से अधिक उपयोग करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बारिश के मौसम में जगह-जगह जलभराव होने से मच्छरों का प्रजनन बढ़ जाता है, जिससे डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया जैसी बीमारियों का खतरा भी बढ़ जाता है। ऐसे में लंबे समय से बुखार, खांसी या अन्य वायरल लक्षणों से पीड़ित मरीजों की प्राथमिकता के आधार पर जांच की जानी चाहिए, ताकि समय रहते बीमारी की पहचान कर उपचार शुरू किया जा सके।
विज्ञापन


इंस्पेक्टर लोकेश राज ने बताया कि पिछले वर्ष से विभाग ने संदिग्ध मरीजों की जांच पर विशेष जोर दिया है। इसी कारण जांच का दायरा बढ़ने से मामलों की संख्या अधिक दर्ज हुई, लेकिन समय पर जांच और उपचार मिलने के कारण किसी भी मरीज की स्थिति गंभीर नहीं हुई और न ही किसी की मृत्यु हुई। उन्होंने बताया कि जीएमसी कठुआ में डेंगू और मलेरिया की जांच की सभी सुविधाएं उपलब्ध हैं। इसके अलावा, जिले के सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में भी जांच किट उपलब्ध कराई गई हैं, ताकि मरीजों की शुरुआती चरण में ही पहचान कर उपचार शुरू किया जा सके।

दूसरी ओर, विभाग की ओर से घर-घर जाकर लोगों को जागरूक करने का अभियान भी लगातार चलाया जा रहा है। शुक्रवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने वार्ड-1, शहीदी चौक से सटे मोहल्लों में जागरुकता अभियान चलाकर लोगों को डेंगू और मलेरिया के लक्षणों तथा बचाव के उपायों की जानकारी दी। टीम ने लोगों से अपील की कि बुखार आने पर स्वयं दवा लेने के बजाय नजदीकी सरकारी स्वास्थ्य केंद्र में जाकर जांच अवश्य कराएं।
विज्ञापन


अभियान के दौरान लोगों को अपने घरों और आसपास जलभराव नहीं होने देने, पानी के बर्तनों को ढककर रखने, छतों पर रखे गमलों, पुराने टायरों, कूलरों तथा अन्य ऐसे स्थानों की नियमित सफाई करने की सलाह दी गई, जहां कई दिनों तक पानी जमा रहने से मच्छरों का प्रजनन हो सकता है। स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से मच्छर जनित रोगों की रोकथाम में प्रशासन के साथ सहयोग करने की भी अपील की।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें