कठुआ। नाग पंचमी से पूर्व कंडी क्षेत्र का प्रसिद्ध धार्मिक देव स्थान नागदेवता बावा सुरगल से गुगेल शुरू हो गई है। शुक्रवार को गाजे-बाजे के साथ बाबा सुरगल जी के देव स्थान टारडा लखनपुर से निकाली गई गुगेल में बड़ी संख्या में भक्त शामिल रहे।
सुरगल बाबा देवस्थान के प्रमुख सेवादार करनैल सिंह ने बताया कि 500 सालों से चली आ रही यह धार्मिक परंपरा आज भी चल रही है। उनकी तीसरी पीढ़ी बाबा जी के आशीर्वाद से पवित्र गद्दी पर अपनी सेवा दे रही है। आज तक लाखों लोग इस पवित्र स्थान पर बाबा की कृपा से अपने कष्टों से मुक्ति पा चुके है। उन्होंने बताया कि पंजाब, हिमाचल, जम्मू-कश्मीर के अलावा दूर-दूर से इस स्थान की महिमा सुन कर लोग अपने समस्याओं का निवारण की कामना लेकर आते हैं।
भादो मास की शुक्ल पक्ष की पांचवीं तिथि को बहुत बड़ा मेला लगता है। जम्मू-कश्मीर के लोग ऋषि पंचमी को नाग पंचमी के रूप में मनाते है। उनके अनुसार दूसरे दिन दंगल का आयोजन किया जाता है। इस बार के 29 अगस्त को भंडारा और 30 को दंगल का आयोजन किया जाएगा।