चार घंटे तक दहकती रही शिवानगर के पास लगे कचरे के ढेर पर लगी आग
संवाद न्यूज एजेंसी
कठुआ। सफाई कर्मचारियों की लगातार जारी हड़ताल से शहर में जगह-जगह जमा होने वाला कचरा आम हो गया है। व्यापारिक संस्थानों, दुकानों और लोगों के घरों के पास जमा होने वाला कचरा आसपास के लोगों के लिए परेशानी का कारण बन रहा है।
इससे निपटने के लिए लोग इसे लगातार जला रहे हैं। इससे कचरा तो सिकुड़ रहा है, मगर कचरे से निपटने के लिए इसे जलाना कभी भी किसी दुर्घटना का कारण बन सकता है।
बुधवार को शहर के कॉलेज रोड पर शिवानगर के पास लगे कचरे के ढेर पर किसी ने आग लगा दी। यह करीब चार घंटे तक दहकती रही। वहीं, शहर के वार्ड 6, मुखर्जी चौक, पार्लीवंड और रामनगर में लोग मुसीबत बन रहे कचरे को हटाने के लिए उसे जला रहे हैं। इसके बाद भी लोगों को कचरे से निजात नहीं मिल रही है। तंग गलियों में कचरा जलाने से दुर्घटना की आशंका बढ़ रही है।
सेवानिवृत्त प्रधानाचार्य संजीव वैद का कहना है कि जलाया जाना कचरे के निस्तारण की सही प्रक्रिया नहीं है। इससे न केवल वातावरण में प्रदूषण बढ़ता है। बल्कि जलाने वाले कचरे में मौजूद प्लास्टिक तत्वों में आग काफी देर तक बनी रहती है। यह इस सूखे मौसम में दुर्घटना का कारण भी बन सकता है। प्रशासन को इस पर संज्ञान लेना चाहिए।
सफाई कर्मचारियों की हड़ताल जारी
उधर, नियमित किए जाने की मांग को लेकर हड़ताल पर चल रहे सफाई कर्मचारियों का धरना-प्रदर्शन लगातार जारी है। बुधवार को दर्जनों सफाई कर्मचारियों ने नगर परिषद कार्यालय में मांगाें को लेकर नारेबाजी की। सफाई कर्मियों का कहना है कि जब तक उनकी मांग को पूरा नहीं किया जाता है। सफाई कर्मचारी इसी तरह से हड़ताल पर बने रहेंगे।