कठुआ। पंजाब सीमा से लगती तहसील नगरी में तीन दिन की लगातार बारिश के बाध आई बाढ़ ने काफी नुकसान पहुंचाया है। राजस्व विभाग से जानकारी के मुताबिक बजूह नाले में आई बाढ़ से अबतक कुल 30 घरों को नुकसान पहुंचाया है। जिसमें से तीन कच्चे मकान पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुके है, जबकि 25 घरों में पानी भरने से काफी नुकसान पहुंचा है। वहीं, एक पक्के मकान को भी क्षति पहुंची है।
दरअसल, रविवार से तीन दिनों तक हुई लगातार बारिश के बाद नदिया और नाले अपने उफान पर थे। जिससे निचले इलाके में रहने वालों लोगों को बाढ़ से काफी नुकसान हुआ है। नगरी के स्थानीय लोगों के अनुसार, वजूह नाले में आई बाढ़ से जहां भारी भूमि कटाव हुआ है तो वहीं सैकड़ों एकड़ भूमि पर लगी खड़ी फसल को नुकसान पहुंचा है। बाढ़ से आए रेत और मलबे के नीचे ज्यादातर फसल धंस गई है। जबकि कृषि योग्य भूमि भी कटाव के चलते बह गई है। जिसका सीधा असर किसानों की आजीविका पर पड़ेगा। वहीं, प्रभावित किसान सरकार से बाढ़ से नष्ट फसलों की लिए राहत की मांग कर रहे है तो वहीं, राजस्व विभाग की टीमें बारिश के बाद फसलों को नुकसान का जायजा लेने के लिए गांव में जा रही है। नगरी तहसीलदार आना जम्वाल के मुताबिक, राजस्व विभाग के टीमें मुस्तैदी के साथ बाढ़ से हुए नुकसान जायजा ले रही हैवीरवार को उन्होंने वजूह नाले से आई बाढ़ से प्रभावित 10 घरों का जायजा लिया गया। इसको बचाने के लिए हर संभव प्रयास किया जा रहे हैं।