दीपों के पर्व दीपावली को जिले भर में धूमधाम के साथ मनाया गया। इस शुभ अवसर पर जहां बाजारों में खरीदारी करने वालों का तांता लगा रहा वहीं रात में शहर की रौनक देखते ही बन रही थी।
रंग-बिरंगी सजावट से सजे बाजारों के अलावा घरों को भी आकर्षक तरीकों से सजाया गया। शाम तक बाजारों में रौनक गुलजार रही वहीं शाम ढलने पर लक्ष्मी पूजन और उसके बाद पटाखों की आतिशबाजी को पूरे उत्साह के साथ अंजाम दिया गया।
रामलीला मैदान में लगाए गए पटाखों के स्टालों में युवा वर्ग में खास उत्साह देखने को मिला। तरह तरह के पटाखों की बिक्री के लिए हालांकि लोगों को खुलकर जेब भी ढीली करनी पड़ी।
पटाखों की खरीदारी के लिए अंकुश, रघु, नरेश, सोहन आदि ने बताया कि पटाखों के दामों में पच्चीस से तीस फीसदी की वृद्धि हुई है। उन्होंने बताया कि त्यौहार पर सीमित पटाखों के साथ ही उन्हें संतोष करना पड़ रहा है।
महानपुर में दीपों के त्योहार दीपावली की धूम तहसील बनी में देखी गई। तहसील के निचले और दूर-दराज के पहाड़ी इलाकों में भी लोगों ने इस त्यौहार को श्रद्धा और धूमधाम से मनाया।
इस मौके पर लोगों ने सुबह मंदिरों में पूजा अर्चना की। वहीं बच्चों ने रामलीला मैदान का रुख किया। बड़ों ने जहां पूजा के सामान को प्राथमिकता दी तो बच्चों का उत्साह पटाखों की खरीद में दिखा।
स्थानीय मंदिरों को भी प्रकाशोत्सव के मौके पर रोशनी से जगमगा दिया गया। शाम तक सबने अपने अपने हिसाब से दीपावली मनाने की तैयारी कर ली।
शाम होते ही घरों में मां लक्ष्मी की पूजा करने के बाद घरों को दीपों से रोशन किया। इसके बाद बच्चों ने बड़ों के संग मिलकर पटाखे चलाए। देर रात तक यह सिलसिला जारी रहा।
बिलावर में प्रकाश का उत्सव दीपावली वीरवार को तहसील में पूर्ण धार्मिक श्रद्घा और उल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर लोगों ने शाम से ही खूब पटाखे चलाए और संगीत की धुन पर जश्न मनाया।
दिपावली पर लोगों ने अपने अपने घरों और दुकानों को रंग बिरंगी रोशनियों से खूब सजाया हुआ था। बच्चों ने मिठाईयों के साथ आतिशबाजी की खूब खरीददारी की।
शाम ढलते ही श्री लक्ष्मी माता की विशेष पूजा के साथ दीपावली उत्सव शुरू हो गया और सारी रात आतिशबाजी फुलझड़ियों के साथ आनार, राकेट व पटाखों का दौर चलता रहा।
वहीं इस शुभ अवसर पर वीरवार की सुबह सबेरे से ही स्थानिय मंदिरों में माथा टेकने वालों का जमावड़ा लग गया था और यह सिलसिला शाम तक जारी रहा। लोगों ने नगर के प्राचीन शिव मंदिर माता शुकराला व अन्य स्थानीय मंदिरों में पहुंच कर भगवान से सबकी सुख समृद्घि की कामना की।