हेल्थ सेंटर पर 6000 से अधिक की आबादी निर्भर, डॉक्टर की कमी से मरीजों को आ रही दिक्कतें
कठुआ। बनी-भद्रवाह मार्ग से सटे बनी क्षेत्र स्थित लोआंग के प्राइमरी हेल्थ सेंटर (पीएचसी) में डॉक्टर का पद खाली होने से लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इस हेल्थ सेंटर पर 6000 से अधिक की आबादी निर्भर है, लेकिन डॉक्टर की कमी के कारण मरीजों को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
लोगों का कहना है कि आपातकालीन स्थिति में मरीजों को तत्काल इलाज नहीं मिल पाता है। ग्रामीणों ने प्रशासन से अपील की है कि लोआंग पीएचसी में जल्द से जल्द डॉक्टर की नियुक्ति की जाए, ताकि क्षेत्रवासियों को बुनियादी स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकें।
लोआंग में जब भी किसी को समस्या होती है। ऐसे में उन्हें प्राइवेट क्लीनिक से महंगे इलाज का सहारा लेना पड़ता है या फिर बनी अस्पताल जाना पड़ता है, जो यहां से 15 किलोमीटर दूर है।
मोहम्मद जहांगीर, स्थानीय निवासी
सरकारी स्वास्थ्य योजनाएं सिर्फ कागजों तक सीमित हैं। लोआंग जैसे दूरदराज के क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं को प्राथमिकता दी जानी चाहिए।
तौहीद मलिक, स्थानीय निवासी
गर्भवती महिलाओं को प्रसव के समय या नियमित जांच के लिए 15 किलोमीटर दूर बनी अस्पताल जाना पड़ता है। जब आपातकालीन हालात होते हैं तब ये समस्या और भी भयावह हो जाती है।
अबेदुल्ला वानी, स्थानीय निवासी
कोट
लोआंग प्राइमरी हेल्थ सेंटर में एक एमबीबीएस डॉक्टर का पद स्वीकृत है, जो इस समय खाली पड़ा है। शेष नर्सिंग और अन्य स्टाफ की नियुक्ति कर दी गई है। इस समस्या की जानकारी हमने उच्चाधिकारियों को भेज दी है।
- डॉ. देवराज, बीएमओ बनी